सुधासागर महाराज वैराग्य की धारा
सुधासागर महाराज वैराग्य की धारा सुधासागर महाराज—वैराग्य की वह धारा शब्दों में जिनको बांध सकें, ऐसे संत नहीं होते, जिनके दर्शन से मन बदले, वे साधारण संत नहीं होते। निर्यापक श्रमण मुनिश्री 108 सुधासागर जी महाराज, नाम स्वयं जैसे अमृतधारा, वाणी में अध्यात्म की गहराई, आचरण में त्याग का उजियारा। चलते हैं तो राह पवित्र […]
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