चतुर्विद संघ के सानिध्य में मां जिनवाणी की पालकी यात्रा निकाल कर बड़ी भक्ति भाव से मनाया गया श्रुत पंचमी महोत्सव।

चतुर्विद संघ के सानिध्य में मां जिनवाणी की पालकी यात्रा निकाल कर बड़ी भक्ति भाव से मनाया गया श्रुत पंचमी महोत्सव। सनावद:- दिगंबर जैन समाज में ज्येष्ठ शुक्ल की पंचमी तिथि को ‘श्रुत पंचमी’ मनाई जाती है। इस दिन भगवान महावीर के दर्शन को पहली बार लिखित ग्रंथ के रूप में प्रस्तुत किया गया था। […]

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जिनवाणी माता की भव्य शोभा यात्रा में उमड़े जैन बंधुश्रुत पंचमी महोत्सव पर निकाली शोभायात्रा

जिनवाणी माता की भव्य शोभा यात्रा में उमड़े जैन बंधुश्रुत पंचमी महोत्सव पर निकाली शोभायात्रा नैनवा 31 मई शनिवार 2025 सकल दिगंबर जैन समाज के सानिध्य में प्रातः काल 8:00 बजे को कौटीया जी के जैन मंदिर से भव्य जिनवाणी माता की शोभायात्रा प्रारंभ हुई जिसमें आगे नन्हे मुन्ने बालक बालिकाएं पचरंगी ध्वज हाथो में […]

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णमोकार तीर्थ चांदवड नासिक में ,-…सौ. श्रेया धवल सेठी ने अपनी शादी की सालगिरह पर देवनन्दिजी गुरुदेव की सन्निधि में णमोकार तीर्थ पर लगभग 800 वर्ष प्राचीन एक प्राचीन प्रतिमा भेट की

णमोकार तीर्थ चांदवड नासिक में ,-…सौ. श्रेया धवल सेठी ने अपनी शादी की सालगिरह पर देवनन्दिजी गुरुदेव की सन्निधि में णमोकार तीर्थ पर लगभग 800 वर्ष प्राचीन एक प्राचीन प्रतिमा भेट की  नमोकार तीर्थ नासिक एक और जहाँ लोग शादी की सालगिरह में रिसोर्ट में या किसी पिकनिक स्पाँट पर चकाचौंध के बीच मनाना पसंद […]

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31 मई से जैन धार्मिक शिक्षण शिविर का आयोजन

31 मई से जैन धार्मिक शिक्षण शिविर का आयोजन  सनावद :– बारहवां बाल युवा महिला शिविर एवं षटखण्डागम तथा सिद्धपरमेष्टि विधान महोत्सव शनिवार इकतीस मई से चारजून तक पोरवाड़ जैन दिगम्बर जैन धर्मशाला सनावद में श्री कुन्दकुन्द कहान दिगंबर जैन परमागम ट्रस्ट एवं मुमुक्षु मंडल सनावद के तत्वाधान में आयोजित किया जायेगा।       सन्मति जैन […]

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जैन ग्रन्थ लिपिबद्ध दिवस – श्रुत पंचमी महापर्वज्येष्ठ शुक्ल पंचमी 31 मई पर विशेष आलेख*एक नियम श्रुत पर्व पर :- जैन हैं तो जैन लिखाएं, घर घर यह अभियान चलाएं 

जैन ग्रन्थ लिपिबद्ध दिवस – श्रुत पंचमी महापर्वज्येष्ठ शुक्ल पंचमी 31 मई पर विशेष आलेख*एक नियम श्रुत पर्व पर :- जैन हैं तो जैन लिखाएं, घर घर यह अभियान चलाएं  श्रुत का सीधा सा अर्थ होता है सुनना, यानी कि एक व्यक्ति बोलता है और दूसरा व्यक्ति या अन्य व्यक्ति उसको सुनते हैं। श्रुत से […]

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संसारी प्राणी दुख में सुख की खोज करता है जो की अज्ञानता है आचार्य श्री वर्धमान सागर महाराज

संसारी प्राणी दुख में सुख की खोज करता है जो की अज्ञानता है आचार्य श्री वर्धमान सागर महाराज बिजोलिया 25 वर्षों में रजत जयंती मनाई जाती है हमारे द्वारा 27 वर्ष पूर्व बिजोलिया में पंचकल्याणक हुआ था देखा जाए तो इस पंचकल्याणक महोत्सव की भी रजत जयंती हो चुकी है प्रथम तीर्थंकर आदिनाथ भगवान से […]

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बैरागढ में हुआ पट्टाचार्य विशुद्ध सागर जी से गणिनी आर्यिका विज्ञाश्री माताजी का वात्सल्य मिलन

बैरागढ में हुआ पट्टाचार्य विशुद्ध सागर जी से गणिनी आर्यिका विज्ञाश्री माताजी का वात्सल्य मिलन बैरागढ प. पू. भारत गौरव सहस्रकूट विज्ञातीर्थ प्रणेत्री श्रमणी गणिनी आर्यिका रत्न105 गुरु माँ विज्ञाश्री माताजी ससंघ का पट्टाचार्य चर्या शिरोमणि विशुद्ध सागर जी महाराज ससंघ से बैरागढ़ में वात्सल्य मिलन हुआ । गुरु शिष्य का मिलन देखकर उपस्थित जनसमूह […]

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क्षपक श्री चिदानंद जी का संलेखना पूर्वक समाधि आचार्य श्री समय सागर महाराज सन्निधि में हुई सम्पन्न

क्षपक श्री चिदानंद जी का संलेखना पूर्वक समाधि आचार्य श्री समय सागर महाराज सन्निधि में हुई सम्पन्न जबलपुर ब्रह्मचारी चिदानंद जी की संलेखना समाधि सम्पन्न हुई – आचार्यश्री 108 समयसागर जी महाराज के ससंघ सान्निध्य में ब्रह्मचारी चिदानंद जी* (पूर्व नाम दश प्रतिमाधारी राजेंद्र कुमार जी दनगसिया अजमेर वालों) की चार उपवास के साथ सल्लेखना […]

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मुनि श्री पूज्य तीर्थ सागर महाराज का सल्लेखना पूर्वक समाधि मरण आचार्य श्री प्रज्ञा सागर महाराज के सानिध्य में मुनि श्री का संस्कारों पूर्वक अंतिम क्रिया संपन्न

मुनि श्री पूज्य तीर्थ सागर महाराज का सल्लेखना पूर्वक समाधि मरण आचार्य श्री प्रज्ञा सागर महाराज के सानिध्य में मुनि श्री का संस्कारों पूर्वक अंतिम क्रिया संपन्न उज्जैन।। तपोभूमि पर आचार्य गुरुदेव श्री प्रज्ञा सागर जी महाराज के साथ संघ में 2005 से सम्मिलित क्षुल्लक पूज्य सागर जी को बुधवार के दोपहर में मुनि दीक्षा […]

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सुख दुख की अभिव्यक्ति जीव के परिणाम से तथा शरीर के माध्यम से मिला करती है समता सागर महाराज

सुख दुख की अभिव्यक्ति जीव के परिणाम से तथा शरीर के माध्यम से मिला करती है समता सागर महाराज सम्मेद शिखर हमारी चेतना ज्ञान दर्शन स्वभावी है,उसमें कर्म का कोई संयोग या संबंध नहीं,”सुख दुःख की अभिव्यक्ति जीव के परिणाम से तथा शरीर के माध्यम से मिला करती है” जैसे दूध में शक्कर घुल मिल […]

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