*दिगम्बर जैन समाज के महापर्व दश लक्षण धर्म की शुरुआत ध्वजा रोहण के साथ व तिनलोक के नाथ के मस्तक के ऊपर छत्र विराजमान कर हुई*
*धामनोद//
दिगम्बर जैन समाज के महापर्व दशलक्षण पर्व की शुरुआत ध्वजा रोहन कर हुई इस ध्वजा रोहण करने के पुण्यार्थी बने डॉ प्रकाश जी डॉ सुरेखा जी किवायत परिवार था व भगवान मूलनायक पार्श्वनाथ भगवान चंद्र प्रभुजी व नेमीनाथ भगवान के मस्तक के ऊपर छत्र लगाने के पुण्यार्थी बने डॉ प्रकाश जीडॉ सुरेखा जी अर्हम त्रिशला अमित जैन परिवार अमेरिका पूना अशोक दीपक प्रधान थे व स्तुति नितिन ऊषाजी जैन व अन्य सहयोगी बने एकता विजय जैन व रजत जैन रहे व दशलक्षण महापर्व पर नित्य शांतिधारा के सहयोगी बने
सोमा राजेंद्र जी जैन परिवार धामनोद इंदौर आज पूजा के लाभार्थी बने शैलेंद्र जी अभिषेक जी जैन थे भोपाल से पधारे विद्वान पंडित कमल जी जैन के विधि व मंत्रोच्चार से ध्वजा रोहन व भगवान के मस्तक के ऊपर विराजमान करवाए पंडित नितिन जैन सहयोगी थे स्वागत अभिनंदन मोती की माला व दुपट्टा समाज के संरक्षक राजा जी जैन नरेंद्र जी जैन नरेंद्र जी जैन अनाज वाले व संदीप मंडलोई व निधि जैन सीमा मंडलोई ने किया आज से उत्तम क्षमा धर्म दिन था महापर्व का भी पूजन किया गया उतम धर्म पर विद्वान कमल जी जैन के प्रवचन दिये

क्रोध का पूर्ण त्याग करके हृदय में दया करुणा समता भाव आना चाहिए जभी धर्म का महत्व रहता मन में वचन में करुणा का वास होना चाहिए आज कार्यक्रम संचालन समाज संरक्षक राकेश जैन ने किया इस दौरान समाज जन महिलाएं भी उपस्थित थी आज से त्याग व तप की साधना भी शुरू हो गई यह जानकारी समाज अध्यक्ष दीपक प्रधान ने दी
