मनुष्य को जीवन में शांति प्राप्त करनी है तो उसे धर्म के मार्ग पर चलना होगा पुलक सागर, महाराज
खेरवाड़ा
परम पूज्य क्रांतिकारी संत आचार्य श्री 108 पुलकसागर महाराज का शनिवार को खेरवाड़ा से डूंगरपुर जिले स्थित नागफणी पारसनाथ मंदिर के लिए मंगल विहार हुआ। मंगल विहार से पूर्व स्थानीय
शांतिनाथ दिगंबर जैन मंदिर सभागार में धर्म सभा में आचार्य श्री ने कहा कि मनुष्य को जीवन में शांति प्राप्त करनी है तो उसे धर्म मार्ग पर चलना होगा, तभी जीवन में शांति प्राप्त की जा सकती है।
आचार्य श्री ने कहा कि मानव को किसी संत पुरुष के सानिध्य में ईश्वर की भक्ति का विकल्प चुनना चाहिए। यही एकमात्र उपाय है जीवन के प्रकट अप्रकट और असाधारण कष्टों से मुक्ति का।

उन्होंने कहा कि ईश्वर पर आस्था रखने का अभ्यास आत्मिक होगा
तो ऐसे आस्थागत अभ्यास के मार्ग से अनावश्यक मानवीय


व्यवधानों का सामना नहीं करना पड़ेगा। ईश्वरीय भक्ति पवित्र आस्था के साथ आत्मिक होकर इसलिए करनी है क्योंकि मानवीय संबंधों की निकृष्टताओ से मुक्ति इसी से मिलेगी। मनुष्य अपने जीवन के 24 घंटे का सदुपयोग करें व ईश्वर व धर्म के प्रति प्रगाढ़ आस्था रखे तो उसका कल्याण संभव है।
संकलन अभिषेक जैन लुहाड़िया रामगंजमंडी 9929747312
