गुरु_माँ_के_दिल_में_छा_गए_ग्वालियर_वाले_आ_गए
जी हाँ महानुभावों, यह आवाज़ किसी और की नहीं, परम् पूज्या गणिनी गुरु माँ की जन्म नगरी, ग्वालियर के भक्तों की हैं, जो मन में वर्षायोग के अरमानों को सँजोकर, युगल चरणों की पद रज पाने ही भक्ति भावना सहित पहुंचे हैं अपनी माँ की शरण में।
जैन सोशल ग्रुप, ग्वालियर के तत्वाधान में ग्वालियर के सशक्त युवा धर्म प्रहरी, पूर्ण मनोभाव से, परम् पूज्या, सिद्धान्त रत्न, भारत गौरव, गणिनी आर्यिका 105 श्री विशुद्धमती माताजी को वर्ष 2022 के वर्षायोग हेतु श्री फल समर्पित करते हुए-

