बिना निमित्त के उपादान दान की सिद्धि नहीं होती –मोक्ष सागर जी महाराज कृत कारित के साथ ही अनुमोदना तक करने वालो को भी पुण्य मिलता है संभव सागर महाराज
पारसनाथ-
तीर्थ राज सम्मेद शिखर में आज जगत कल्याण की कामना के लिए मूल नायक भगवान श्री पुष्पदंत स्वामी की महा शान्ति धारा उपाध्याय श्री विभजन सागर जी महाराज के श्री मुख से व्रहदमंत्रोचार के साथ हुई। जिसका सौभाग्य मध्यप्रदेश महासभा संयोजक विजय धुर्रा ओम प्रकाश देवेन्द्र कुमार पवन कुमार सुनील कुमार धुर्रा अशोक नगर पीयूष जैन कोटा अशोक खादी आषीश खंडवा अरविंद कुमार भोपाल के साथ अन्य भक्तों को मिला।

इसी दौरान आचार्य श्री सभंव सागर जी महाराज के शिष्य मुनि श्री मोक्ष सागर जी ने कहा कि बिना निमित्त के उपादान की सिद्धि नहीं होती आप लोगों को तीर्थ राज की वंदना का निमित्त मिला और
राजेन्द्र कुमार प्रकाश जी हुकम काका निमित्त बने और आपको तीर्थ






राज की वंदना का सौभाग्य प्राप्त हुआ कृत कारित और अनुमोदना

करने वाले को भी पुण्य मिलता है फिर तो आप प्रातः काल से ही सिद्ध क्षेत्र में सिद्ध प्रभु की महा आराधना कर रहे हैं।

बहुत पुण्य से ऐसा योग मिलता है पाप से बचने के लिए सबसे पहले प्रमाद को छोड़कर धर्म कार्य करें प्रमाद के पंद्रह प्रकार कहे गये है इनको छोड़ कर भगवान की भक्ति करने से प्रशस्त पुण्य की प्राप्ति हो जायें चार विकथा इनको छोड़ कर आप भगवान की करें।
संकलन अभिषेक जैन लुहाड़िया रामगंजमंडी 9929747312
