जियो और जीने दो में से ज़ीने दो आपका बहुत कम जोर है–मुनि पुंगव श्रीसुधासागर महाराज
आगरा–
भगवान महावीर ने अपने शुभ सन्देश में जियो और जीने कहा है और आप लोगों ने ज़ीने दो को कमजोर कर दिया यदि आपकी ओर से जीने दो को कमजोर किया जाता रहेगा तो मेरे पास तुम्हारे लिए कोई जगह नहीं है ज़ीने दो में ही तो अहिंसा धर्म छुपा है। और आप लोग उसी को छोड़ रहे हैं ज़ीने दो का पालन करने वालो की धर्म मां की तरह रक्षा करता है।
जिस प्रकार माँ बिना बोले वच्चे के पसली के दर्द को जान लेती है ये माँ ही है जो आपके दर्द को समझने वाली जिनवाणी माँ है और आपसे मिलने वाले गुरु आपके सामने बैठे है जो मानवता की बात करते हैं मानव मूल्यों के लिए ही तो सब कुछ करते रहते हैं उक्त आश्य के उद्गार छीपीटोला में विशाल धर्मसभा को संबोधित करते हुए मुनि पुगंव श्री सुधासागरजी महाराज ने कहे।




आप लोगों को गुरु के सहारे की आवश्यकता है
इस दौरान मुनि पुंगव ने कहा कि भगवान वेदना से बहुत परे है उन्हें शेर खा रहा है तो भी बैठे हैं उन्हें अपनी ही खबर नहीं है वे तो ऐसे ध्यान में डूबे हैं कि इस लोक से ऊपर उठ गये है इसलिए आपको गुरु के साहारे की आवश्यकता रहेगी भगवान के समवशरण में आप जा रहे हैं तो आपको उनकी दिव्य ध्वनि सुनने को मिल जायेगी यदि आप कहें कि भगवान उपदेश आपके लिए है ये तो उनकी सहज देशना है जो हमें मिल गई सब कहते हैं कि वे साधु मेरे उर वसो हरो मेरी पीर गुरु की महिमा वरनी ना जाये गुरु नाम जपो मन वचन काय इस तरह की भावनाएं वनाकर रखना चाहते हैं ।
छीपीटोला जैन मन्दिर की रूपरेखा को दिया अंतिम रूप
इस दौरान संचालन करते हुए मनोज जैन बाकलीवाल ने कहा की छीपीटोला जैन मन्दिर को एक भव्य रूप देने की तैयारी को पूज्य गुरुदेव के सान्निध्य में अंतिम रूप दिया गया इस हेतु मन्दिर की रुप रेखा को समाज की कमेटी ने रखा और परम पूज्य निर्यापक श्रमण मुनि पुंगवश्री सुधासागर जी महाराज के निर्देशन में पूर्ण करने का संकल्प लिया
संकलन अभिषेक जैन लुहाड़िया रामगंजमंडी
