*जीवन को खुश बनाना है तो बहुत कुछ परिवर्तन खुद में लाना पड़ेगा- राष्ट्र संत दिगम्बाचार्य पुलक सागर*
निम्बाहेड़ा!
दिगंबराचार्य पुलक सागर का कहना है की निज को जो बदल दे, वो जग को बदल सकता है और जो खुद को न बदले, वो क्या खाक बदलेगा!
बुधवार को नगर मे दिगंबर जैन समाज की और से आयोज़ित धर्म सभा मे बोल रहे आचार्य पुलक सागर जी का कहना है कि आज का मानव दुखी क्यों है? घर-घर में कलह क्यों है? बेटा बाप की नहीं सुनता, पत्नी पति की नहीं सुनती, शिष्य गुरु की नहीं सुनता। हर जुबान पर एक ही बात -जमाना खराब है, कोई किसी की नहीं सुनता। पर रुको… जरा सोचो। जमाना कब अच्छा था? राम के युग में कैकेयी ने दशरथ की नहीं सुनी। महाभारत में दुर्योधन ने भीष्म की नहीं सुनी। जमाना कभी नहीं बदलता, इंसान बदलता है।
अपने जीने के ढंग को बदलो हम सुबह उठते ही दुनिया बदलने निकल पड़ते हैं। पड़ोसी को सुधारेंगे, सरकार को कोसेंगे, बच्चों पर चिल्लाएंगे। अरे भैया, खुद को बदलो, दुनिया को बदलने की मत सोचो समुद्र में तूफान आया है तो तुम लहरों को डांटते रहोगे? नहीं। नाव को मजबूत करोगे, दिशा बदलोगे। जीवन का तूफान बाहर नहीं, भीतर है अपने जीने का अंदाज इसी तरह बदलो कि सुबह उठकर धन्यवाद दो – जिनको आंख मिली, सांस मिली। शिकवे छोड़ो, शुक्राने पर आओ। जो मिला है उसी में खुश रहना सीखो। यही जीने का ढंग है। जिसने अपने मन को जीत लिया उसने जग जीत लिया 80 परसेंट लड़ाई जुबान की घर हो या समाज 80% झगड़े केवल जीभ की वजह से हैं ताना मारा, गलत बोला, भड़काऊ बोला और महाभारत शुरू जीभ पर संयम रखो तो जीवन में संग्राम खत्म।
तोल कर बोलो, हित-मीत-प्रिय बोलो। और अगर सामने वाला फिर भी न समझे तो? कोई कहना न माने तो खुद को बदल दो। सामने वाले को बदलने का ठेका मत लो। नदी का बहाव नहीं मोड़ सकते तो किनारा बदल लो। रिश्ता बचाना है तो जिद छोड़ो, खुद झुक जाओ किसी से उम्मीद मत रखो कि वो तुम्हें खुश करेगा। जीवन को खुश बनाना है तो बहुत कुछ परिवर्तन खुद में लाना पड़ेगा जो अपने जीवन का ढंग बदल लेता है, उसके लिए पूरी दुनिया बदल जाती है।


तो आओ, आज से, अभी से, इसी क्षण से हम अपने जीने का ढंग बदलें। मुनि पुलक सागर जी के धर्म सभा मे पहुँचने से पूर्व बुधवार को सकल दिगंबर जैन समाज कि और से अध्यक्ष अशोक गदिया एवं महामंत्री वी के जैन कि अगुवाई मे मंडी चौराहे पर पुरे संघ का भावभीना आत्मीय अभिनंदन किया गया!


समाज के प्रवक्ता मनोज सोनी के अनुसार दो दिवसीय प्रवचन श्रखला मे गुरुवार को भी प्रातः कलशभिषेक शांतिधारा के पश्चात श्री शान्तिनाथ मंदिर प्रांगण मे आयोजित धर्म सभा मे आचार्य पुलक सागर जी के मंगल प्रवचन होंगे! वही शाम को आयोजित धार्मिक कार्यक्रम मे मुनि श्री ने आनंद यात्रा के साथ गुरुवंदना शंका समाधान आदि कार्यक्रम सम्पन्न कराये.

संकलन अभिषेक जैन लुहाड़िया रामगंजमंडी 9929747312
