कैबिनेट मंत्री श्री मदन दिलावर ने लिया माताजी का आशीर्वाद सम्यक्त्व के बिना मोक्ष संभव नहीं स्वास्तिभूषण माताजी
केशवरायपाटन
राजस्थान सरकार के शिक्षा मंत्री श्री मदन दिलावर ने क्षेत्र पर पहुंचकर गणिनी आर्यिका 105 स्वास्तिभूषण माताजी का मंगल आशीर्वाद लिया
श्री दिलावर निरंतर गुरु मां के दर्शन हेतु आते रहते हैं इस बेला में उनका स्वागत अभिनंदन भी किया गया दर्शन उपरान्त उन्होंने कहा आज जैन अतिशय क्षेत्र केशोरायपाटन में परम पूजनीय गणिनी आर्यिका 105 श्री स्वस्ति भूषण माताजी के मंगल दर्शन कर आशीर्वाद प्राप्त करने का सौभाग्य मिला।

पूज्य माताजी ने अपने उद्बोधन में अध्यात्म, संस्कार एवं समाज जागरण का संदेश देते हुए गौ संरक्षण तथा प्लास्टिक मुक्त समाज के निर्माण हेतु जनजागरण का आह्वान किया।मैं उन्हें श्रद्धापूर्वक नमन करता हूँ !
प्रातः बेला में गुरु मां के मंगल प्रवचन हुए उन्होंने कहा
सम्यक्त्व के बिना मोक्ष संभव नहीं है। सम्यक दर्शन, सम्यक ज्ञान और सम्यक चारित्र तीनों यदि एक हो जाएं तो जीवन को प्रकाशित कर देते हैं। माताजी ने कहा कि वर्तमान में चर्चा ऐसे ग्रंथ पर चल रही है, जो जैन धर्म की मास्टर की है। यदि समस्त ग्रंथों को समझना है तो उसकी चाबी तत्वार्थ सूत्र ग्रंथ है। यह ग्रंथ लगभग दो हजार वर्ष प्राचीन है। इसे आचार्य उमा स्वामी महाराज ने लिखा था, जो विषयों की आशा से रहित, जंगलों में रहने वाले, ज्ञान और ध्यान में सदैव लीन तपस्वी थे।






उन्होंने बताया कि इस सूत्र ग्रंथ पर अनेक आचायों ने टीका-टिप्पणी की है। माताजी ने कहा कि एक प्रसंग के अनुसार एक धर्मनिष्ठ ज्ञानी श्राक्क के यहां आचार्य उमा स्वामी महाराज की आहार चर्चा हुई। आहार के बाद महाराज ने घर के बाहर एक पत्थर
पर लिखा सूत्र देखा, जिसमें लिखा था दर्शन ज्ञान चारित्राणि मोक्षमार्ग। महाराज ने विचार किया कि केवल दर्शन, ज्ञान और चारित्र से मोक्ष मार्ग नहीं हो सकता, क्योंकि दर्शन और ज्ञान मिथ्या भी हो सकते हैं। इसके बाद उन्होंने उस सूत्र के आगे सम्यक शब्द जोड़ दिया, जिससे वह सम्यक दर्शन ज्ञान चारित्राणि मोक्षमार्ग बन गया। माताजी ने कहा कि सही मार्ग पर चलने के लिए सम्यक्त्व का होना आवश्यक है, तभी मोक्ष की प्राप्ति संभव है।
संकलन अभिषेक जैन लुहाड़िया रामगंजमंडी 9929747312
