पुतिन का प्लेन किसी महल से कम नहीं 

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पुतिन का प्लेन किसी महल से कम नहीं 

रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन भारत की यात्रा पर आ रहे हैं। पुतिन दुनिया के सबसे शक्तिशाली और हाई प्रोफाइल लोगों में से एक हैं। इस कारण उनका सुरक्षा बेड़ा भी दुनिया में सबसे ज्यादा फुल प्रूफ सिक्योरिटी वाला है।

 

 

 

रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन भारत की यात्रा पर आ रहे हैं। उनकी इस यात्रा पर पूरी दुनिया की नजर टिकी हुई हैं। बता दें कि पुतिन दुनिया के सबसे हाई प्रोफाइल लोगों में से एक हैं। इसलिए उनकी यात्रा से पहले दिल्ली में सुरक्षा के काफी कड़े इंतजाम किए गए हैं। रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन अपने बॉडीगार्ड्स, कार और जहाज को लेकर काफी सुर्खियों में बने रहते हैं। बता दें कि व्लादिमीर पुतिन का विमान फ्लाइंग क्रेमलिन के नाम से जाना जाता है। ये विमान Ilyushin Il-96-300PU, लंबी दूरी के चार इंजन वाले विमान का एक मोडिफाइड वर्जन है। आखिर क्यों ये विमान रूस की शक्ति का प्रदर्शन माना जाता है, आइए जानते हैं इस बारे में।

 

 

 

उड़ता हुआ किला है पुतिन का विमान

व्लादिमीर पुतिन के भारत दौरे को लेकर उनका हवाई बेड़ा सबसे ज्यादा सुर्खियों में है। रूसी राष्ट्रपति का बेड़ा ‘स्पेशल एयर डिटैचमेंट’ द्वारा संचालित किया जाता है, जो राष्ट्रपति कार्यालय के अधीन है। पुतिन जिस ताकतवर जहाज से हिंदुस्तान में लैंड होंगे उसे फ्लाइंग क्रेमलिन कहा जाता है। यह उड़ता हुआ किला न केवल राष्ट्रपति पुतिन और टॉप अफसरों को ले जाने का काम करता है, बल्कि दुनिया भर में क्रेमलिन की शक्ति का भी प्रतीक माना जाता है।

 

विमान के भीतर क्या सुविधाएं 

पुतिन का यह विमान अंदर से किसी शाही महल या उच्च-स्तरीय कार्यकारी कार्यालय जैसा दिखता है। इस विमान को राष्ट्रपति की जरूरतों को पूरा करने के लिए बनाया गया है। इस विमान में एक भव्य, पूरी तरह से सुसज्जित कार्यालय है जहां से राष्ट्रपति अंतरराष्ट्रीय और घरेलू मामलों का मैनेजमेंट कर सकते हैं। महत्वपूर्ण बैठकों के लिए एक बड़ा मीटिंग रूम है, जहां सुरक्षा-कोडित वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग की सुविधा उपलब्ध है। इसमें एक मास्टर बेडरूम, एक जिम और एक उच्च-स्तरीय चिकित्सा इकाई शामिल है।

 

 

विमान पर मिसाइल हमला भी फेल

जानकारी के मुताबिक, मिसाइल भी पुतिन के इस विमान का कुछ नहीं बिगाड़ पाएगी। इस विमान में कम्युनिकेशन सिस्टम, मिसाइल-रोधी तकनीक और आपात स्थिति में उपयोग होने वाली न्यूक्लियर कमांड प्रणाली भी मौजूद है। विमान के कॉकपिट में आधुनिक ग्लास एवियोनिक्स, मल्टी-फंक्शन डिस्प्ले और फ्लाई-बाय-वायर नियंत्रण लगाए गए हैं। विमान की लंबाई लगभग 55 मीटर, विंगस्पैन 60 मीटर और अधिकतम टेकऑफ़ वजन 250 टन है। इसकी अधिकतम रफ्तार मैक 0.84 है और यह लगभग 11,000 किलोमीटर की दूरी तय कर सकता है।

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