राम का व्यक्तित्व बहुत ही आयामी व्यक्तित्व था आदित्य सागर महाराज
तूमैन
बैठा देव तूमैन में शुक्रवार की बेला में श्रीमद् भक्तामर महामंडल विधान पूज्य मुनि श्री आदित्य सागर महाराज सानिध्य में आरंभ हुआ।
इस अवसर पर अपने मंगल प्रवचन देते हुए महाराज श्री ने कहा कि सारी क्रियाएं अनंत बार की है वो भी आकुलता के साथ भगवान की भक्ति आकुलता के साथ नहीं करना है, आप सभी को निर्भिन्न होकर भक्ति करना ही अपना लक्ष्य बनाना है।
भगवान श्री राम के व्यक्तित्व पर महाराज श्री ने कहा कि राम का


व्यक्तित्व बहुत ही आयामी व्यक्तित्व था। मुनि श्री ने कहा कि राम को मानते हैं अच्छी बात है परंतु राम को मानोगे तो और अच्छी बात होगी, श्रीराम गलत विषयों का विरोध भी करते थे।
संकलन अभिषेक जैन लुहाड़िया रामगंजमंडी 9929747312
