आचार्य श्री प्रज्ञासागर महाराज की सन्निधि में मुनि श्री प्रियतीर्थ सागर महाराज का हुआ केशलोच
झालरापाटन
परम पूज्य तपोभूमि प्रणेता पर्यावरण संरक्षक आचार्य श्री प्रज्ञा सागर महाराज के शिष्य मुनि श्री 108 प्रियतीर्थ सागर महाराज का केशलोच संपन्न हुआ।
धर्म परायण नगरी झालरापाटन के दिगंबर जैन मंदिर में यह
केशलोच संपन्न हुआ निश्चित रूप से जब केशलोच हो रहा था तब गुरु का शिष्य के प्रति अनुराग झलक रहा था। स्वयं गुरुदेव ने अपने हाथों से अपने शिष्य का केशलोच किया निश्चित रूप से बिना किसी औजार के अपने हाथों से केशो को घास फूस की तरह उखाड़ना बहुत बड़ी तपस्या है जैन दर्शन में केशलोच एक साधना तपस्या है।

यशोवर्धन बाकलीवाल से मिली जानकारी अनुसार इस दृश्य को देख मौजूद भक्त भाव विभोर हो उठे और मन में यह भाव आ रहा था केशलोच दे प्रशम संस्कार की निशानी

देख देख आए अंखियों में पानी। पूज्य मुनिश्री 108 प्रियतीर्थ सागर जी महाराज ने आज उपवास भी किया
अभिषेक जैन लुहाड़िया रामगंजमंडी की रिपोर्ट9929747312
