मेरी यात्रा पर्यावरण यात्रा है। मैं चाहता हूँ सारी धरती हरी भरी रहे ऑक्सीजन की कमी कमी ना हो प्रज्ञासागर महाराज
आगर
परम पूज्य तपोभूमि प्रणेता आचार्य गुरुवर प्रज्ञा सागर महाराज का मंगलवार की बेला में आगर में मंगल आगमन हुआ।आचार्य श्री ने सुबह आचार्य वन्दना करने के बाद12 किलोमीटर चलकर मंगल आगमन हुआ आचार्य श्री ने पार्श्वनाथ दिगम्बर जैन मन्दिर छावनी के भगवान के दर्शन करने के बाद समाज के निवेदन पर पूज्य महाराज श्री में मंगल प्रवचन ने कहा कि आगर में एक डंडा लगते ही आगरा हो जाता है, ठीक इसी तरह जो खुद को डंडा लगाता है
वह खुदा हो जाता है। मैंने कहा- जितना विश्वासआपको जहर पर है कि जहर खाने से मर जाते हैं,जितना विश्वास आपको आग पर है कि आग मेंहाथ डालने से जल जाते हैं, जितना विश्वास आपकोपानी पर है कि उसमें डूबने से मर जाते है। उतना ही
विश्वास यदि आपको देव शास्त्र गुरु पर हो जाएं कि इनकी शरण में जाने से इनकी आज्ञा मानने सेतर जाते हैं तो आप आज तत्त्व श्रद्धानी होकर सम्यकदृष्टि हो सकते हैं।

-मेरी यात्रा पर्यावरण यात्रा है। मैं चाहता हूँ सारी धरती सदा सदा हरी भरी रहें। ऑक्सीजन की कभी कमी न हो। देश प्रदूषण से मुक्त हो। इसीभावना के साथ मैं पर्यावरण यात्रा लेकर चल रहाहूँ। मैं चाहता हूं इस बारिश में आप कम से कम 10पेड़ लगाएं और पर्यावरण को बचाएं। महाराज श्री के आह्वान पर 34लोगों ने दस दस तो 12 लोगो ने दो दो पेड़लगाने का नियम लिया ।संकलन अभिषेक जैन लुहाड़िया रामगंजमंडी 9929747312
