आचार्य विवेक सागर महाराज ससंघ ने90 वर्षीय सूरजमल पाटनी को उनके निवास स्थान पर आचार्य श्री ने संबोधा

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आचार्य विवेक सागर महाराज ससंघ ने90 वर्षीय सूरजमल पाटनी को उनके निवास स्थान पर संबोधा

निवाई
अजमेर चातुर्मास के पश्चात आचार्य विवेक सागर महाराज ने मंगल विहार करके निवाई के श्री शांतिनाथ दिगम्बर जैन अग्रवाल जैन मंदिर में मंगल प्रवेश किया। आचार्य विवेक सागर मुनिराज ने मंगल प्रवेश के दौरान बसन्त कालोनी सोसायटी में रतन विला पर देव शास्त्र गुरु के परम भक्त, व्यवहार कुशल, प्रभावशाली व्यक्तित्व के धनी, 90 वर्षीय समाजसेवी श्री सूरजमल पाटनी जौंला को अपना मंगल आशीर्वाद प्रदान कर सम्बोधन दिया।

 

 

विदित हो कि 90 वर्षीय श्री सूरजमल जैन पाटनी एक साल से अस्वस्थ चल रहे है। दिनांक 28 फरवरी 2023 को मंदिर के दर्शन करके वापस घर की ओर आने के दौरान गिरकर फ्रेक्चर हो जाने से अस्वस्थ हो गये थे। वे उठ भी नहीं सकते न करवट ले सकते है न बैठ सकते है। जैसे ही आचार्य श्री विवेक सागर महाराज संघ सहित उनके सामने आए तो श्री सूरजमल जैन की आंखे भर आई उन्होंने हाथ जोड़कर नमोस्तु करते हुवे मुनि श्री का हाथ पकड़ लिया। पूरे संघ ने खूब खूब मंगल आशीर्वाद प्रदान किया। श्री सूरजमल पाटनी ने बिचला जैन मंदिर में अपनी खूब सेवाएं प्रदान की है।

 

उनके सुयोग्य अदभुत प्रतिभावान सुपुत्र जैन समाज के प्रचारक भजन गायककार, जैन युवा पत्रकार गौरव, राज्य सरकार से सम्मानित, अवार्ड विजेता, विगत 30 वर्षो से जैन पत्रकारिता के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान देने वाले विमल जौंला है और उनकी धर्मपत्नी श्रीमती सन्जू जैन (सुपुत्री स्व.श्री महावीर प्रसाद जैन श्रीमति प्रेमदेवी जैन पाटोदी नेनवां) पदमचंद धर्म पत्नी निशा जैन पाटनी, चंद्रप्रकाश और और धर्म पत्नी ममता जैन पाटनी दिन रात उनकी सेवा में लगे हुवे है। सूरजमल जैन को रोज उनको उठाकर नहलाना, इसके बाद णमोकार महामंत्र, मेरी भावना, भक्तामर स्तोत्र, चालीसा, वैराग्य भावना, आदि के पाठ सुनाए जाते है।

 

जैन धर्म प्रचारक विमल जौंला को समस्त भारत वर्ष के जैन संतो का मंगल आशीर्वाद प्राप्त है। मध्यप्रदेश राज्य स्थित पथरिया तीर्थ में इन्होंने गणाचार्य विराग सागर महाराज को एवं उनके साथ सैकड़ों दिगम्बर जैन सन्तो को आहार दिया ।

 

 

विमल जौंला कहते है कि मां बाप की सेवा से बढ़कर कोई धर्म नहीं है। जिंदगी क्या भरोसा कुछ नहीं कह सकते है प्यार और ममता के सिवा कुछ नहीं लूटा सकते है हम। हम न सोचे हमे क्या मिला है हम ये सोचे क्या क्या है अर्पण फूल, समता के बाटे सभी को सबका जीवन हो बन जाए मधुबन। इस अवसर पर महावीर प्रसाद छाबड़ा नवरत्न टोंग्या विमल सोगानी दिनेश सोगानी श्रवणमल शाह नरेश हथौना सोभागमल सोगानी राधेश्याम मित्तल राकेश संधी सुनील भाणजा विमल बड़ागांव ज्ञानचंद झिलाय मनोज पाटनी पारसमल बड़ागांव नीरज जैन त्रिलोक रजवास राकेश यूपी ओमप्रकाश कठमाणा अजीत काला संजय सोगानी सहित अनेक श्रद्धालु मौजूद थे।

अभिषेक जैन लुहाड़िया रामगंजमंडी की रिपोर्ट

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