विरागोदय तीर्थ171फीट ऊंचा देश का ऐसा पहला जैन मंदिर है जिसमें 31 फीट ऊंची भगवान धर्मनाथ की खडगासन प्रतिमा है।
पथरिया
पथरिया विरागोदय तीर्थ में कमलाकार एक भव्य मंदिर बनकर तैयार हुआ है। अगर इसकी ऊंचाई पर नजर डाली जाए तो यह जमीन से 171 फीट ऊंचा है। एवं 51 फीट ऊंचाई की भगवान धर्मनाथ की खड्गासन प्रतिमा स्थापित हुई है। प्रतिमा के दाएं एवं बाए 27,27 फिट की खडगासन भगवान आदिनाथ एवं भगवान महावीर की प्रतिमाएं विराजित की गई हैं। इन तीनों प्रतिमाओं की विशेषता है कि यह तीनों प्रतिमाएं एक ही पत्थर को तराशकर निर्मित हुई हैं।
।
इस तीर्थ की भव्यता अभूतपूर्व है साथ ही मंदिर के चारो और भूत भविष्य वर्तमान की चौबीसी जिसमें 72 जिनालय निर्मित है जिसे छोटी मडिया कहा जाता है। साथ ही यहां पर दो कलश मंदिर भी बनाए गए हैं। मंदिर के पीछे भाग में भोजनशाला बनकर तैयार है। इसके साथ ही आने वाले यात्रियों के लिए धर्मशाला का निर्माण भी किया गया है। और रोचकता की बात यह है कि ज्ञानार्जन व साहित्यिक के लिए भी यहां एक पुस्तकालय बनाया गया है। जिसकी विशेषता है कि जिसमें 5000 से अधिक जैन ग्रंथ रखे गए हैं। यह भव्य मंदिर 8 वर्षों में बनकर तैयार हुआ है जिसे जयपुर के कलाकारों ने अपनी मेहनत परिश्रम से दिन-रात लगकर तैयार किया है।
संकलन अभिषेक जैन लुहाड़िया रामगंजमंडी
