पूज्य मुनि श्री ज्ञेय सागर महाराज की सल्लेखना पूर्वक हुई समाधि
बही पारसनाथ
समता साधना की प्रतिमूर्ति पूज्य मुनि श्री ज्ञेय सागर जी महाराज की 26 दिसंबर 2022 की प्रातः बेला में सल्लेखना पूर्वक समता के साथ समाधि हुई। पूज्य गुरुदेव की प्रेरणा से ही पावन अतिशय क्षेत्र सरोद का भी कायाकल्प हुआ है। आप गरोठ नगर के गौरव थे।
आपने विगत कुछ दिन पूर्व णमोकार साधना केंद्र बही पारसनाथ में आचार्य सुंदर सागर महाराज से सल्लेखना को अंगीकार किया था। आपने अपने जीवन में संता साधना को अंगीकार करते हुए समाधि को प्राप्त किया समस्त प्रकार के आहार ओं का त्याग कर आपने इस नश्वर का देह त्याग किया। उनकी अंतिम यात्रा प्रातः 10 बजे अतिशय क्षेत्र बही पारसनाथ से निकाली जाएगी।
अभिषेक जैन लुहाड़िया रामगंजमंडी
