- श्री महावीर जी में आर्यिका श्री शील मति जी का यम सल्लेखना के बाद आज समाधि मरण।
आज 25 नवंबर को महावीर जी में आर्यिका श्री शील मति जी का यम सल्लेखना में 12 वे उपवास के बाद आज समाधि हो गई है आपने 14 नवंबर को यम सल्लेखना ली । 1 नवंबर से 25 नवंबर तक 25 उपवास में मात्र 3 दिन केवल जल लिया ।
क्षपकोत्तमा आर्यिका श्री शील मति जी की विमान यात्रा 26 नवंबर 2022 को प्रातः 7,15 को निकाली जावेगी।
एक परिचय
श्रीमती मोहरी देवी श्री खेतूलाल जी सेठी मोचीवाडा की पुत्री श्रीभगवानी देवी का विवाह श्री जिनेन्द्र जी जयपुरिया सीकर से हुआ। आपके एक पुत्र एवम् दो पुत्री हैं बड़ी पुत्री एवम् दामाद ने वर्ष 2015 में आचार्य श्री वर्धमान सागर जी से क्रमश आर्यिका एवम् क्षुल्लक दीक्षा लेकर आर्यिका श्री विचक्षण मति जी एवम् क्षुल्लक श्री विशाल सागर जी बने।
75 वर्षीय श्रीमती भगवानी देवी ने 4 अगस्त 22 को महावीर जी में आचार्य श्री वर्धमान सागर जी से क्षुल्लिका दीक्षा ली

आपका नाम श्री शील मति जी हुआ। आपने आचार्य श्री से पुनः निवेदन कर 2 नवंबर 2022 को आर्यिका दीक्षा अंगीकार की। आपने 14 नवंबर को यम सल्लेखना लेकर चारो प्रकार के आहार का त्याग किया।
कोटिश अनुमोदना नमोस्तु आचार्य श्री समस्त संघ को नमोस्तु वंदामी इच्छामी
राजेश पंचोलियां
वात्सल्य वारिघि भक्त परिवार
संकलन अभिषेक जैन लुहाड़िया रामागंजमंडी
