मुनिसुव्रतनाथ भगवान की प्रतिमा खंडित किए जाने के विरोध में समाज लामबंद
शिरपुर पुलिस थाने पहुंचकर जताएंगे आक्रोश, दोषियों पर कार्रवाई की मांग
शिरपुर।
तात्या भया ने जानकारी देते हुए बताया कि अंतरिक्ष पार्श्वनाथ शिरपूर जैन मे पिछले कुछ दिनों से शांती है लेकिन श्वेतांबरी पक्ष को शांति पसंद ही नही है, श्वेतांबरीयों के पर्युषण मे दिगंबरों ने थोडा सा भी व्यवधान नहीं किया लेकिन अभी दिगंबरों के दशलक्षण पर्व मे ेमे घुसकर अपनी मुर्ती तोडने का प्रयास आज किया गया, इस प्रयास मे भगवानजी का एक कान बाधित हुआ है।
उन्होंने कहा कि मुनिसुव्रतनाथ भगवान की प्रतिमा खंडित किए जाने की घटना को लेकर जैन समाज में आक्रोश व्याप्त है। घटना के विरोध में समाजजनों ने रविवार, 20 सितंबर 2026 को दोपहर 1 बजे शिरपुर पुलिस स्टेशन पहुंचकर विरोध दर्ज कराने का आह्वान किया है।
जारी अपील के अनुसार, शनिवार रात करीब 8 बजे अंतरिक्ष पार्श्वनाथ भगवान की वेदी के समीप स्थित वेदी पर विराजमान मुनिसुव्रतनाथ भगवान की प्रतिमा को कथित रूप से क्षतिग्रस्त किया गया। अपील में इस घटना को गंभीर बताते हुए कहा गया है कि मंदिर में स्थापित प्रतिमाओं को नुकसान पहुंचाने की घटनाओं को लेकर समाज को समय रहते सजग और संगठित होने की आवश्यकता है।
दोपहर 12 बजे तक शिरपुर पहुंचने का आह्वान
घटना के विरोध में आसपास के गांवों सहित अधिक से अधिक समाजबंधुओं से रविवार दोपहर 12 बजे तक शिरपुर पहुंचने की अपील की गई है, ताकि दोपहर 1 बजे पुलिस स्टेशन पहुंचकर घटना के संबंध में ज्ञापन सौंपा जा सके और दोषियों के विरुद्ध उचित कार्रवाई की मांग की जा सके।
अपील में समाजजनों से कहा गया है कि धार्मिक प्रतिमाओं के साथ इस प्रकार की घटनाओं को लेकर शांत रहने के बजाय कानूनी एवं लोकतांत्रिक तरीके से अपनी आवाज प्रशासन तक पहुंचाएं।
पुलिस एवं प्रशासन को ज्ञापन देने की अपील
समाज की ओर से यह भी आह्वान किया गया है कि आने वाले दो-चार दिनों में अपने-अपने क्षेत्र के पुलिस थाने, जिला कलेक्टर एवं तहसीलदार कार्यालयों में ज्ञापन देकर घटना के प्रति विरोध दर्ज कराया जाए तथा धार्मिक स्थलों और प्रतिमाओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की जाए।
बा. ब्र. तात्या भैय्या ने समाजबंधुओं से एकजुट होकर शांतिपूर्ण एवं अनुशासित तरीके से प्रशासन के समक्ष अपनी बात रखने का आह्वान किया है।
