नौगामा (राजस्थान) में दसलक्षण पर्व पर हुई अभूतपूर्व धर्म प्रभावना 

धर्म

 नौगामा (राजस्थान) में दसलक्षण पर्व पर हुई अभूतपूर्व धर्म प्रभावना

नौगामा28 अगस्त से 9 सितम्बर 2025, बागड़ प्रांत की ऐतिहासिक प्राचीन , धार्मिक नगरी, नौगामा जिला बांसवाड़ा (राज) में श्रुततीर्थ_श्रुतधाम बीना (म. प्र) से बाल ब्रह्मचारी संदीप जी सरल भैया , राकेश जैन के सान्निध्य में अभूतपूर्व धर्मप्रभावना के साथ निम्न उपलब्धियों के साथ सम्पन्न हुआ।

 

1 ” अर्हमयोग” प्रतिदिन 5:30 से 6.15 बजे तक भैया जी ने अर्हमयोग, प्राणायाम , ध्यान आदि के माध्यम से स्वस्थ रहने की कला सीखी ।

2 ” शांतिधारा, सामूहिक पूजन “,, प्रात: 7 से 10 बजे तक सामूहिक रूप से अभिषेक , पूजन शांतिधारा में संपूर्ण समाज की उपस्थिति अद्वितीय रहती थी। तत्वार्थ की वाचना में सभी का आकर्षण प्रथम बार देखने को मिला । सोलहकारण भावनाओं की विवेचना सभी ने लिए स्मरणीय रहेगी ।3 दोपहर में जिनागम प्रवेश की कक्षा के माध्यम से जैन दर्शन के विविध विषयों पर सारभूत प्रकाश भैया जी द्वारा डाला गया ।

4 सायंकाल 7 बजे से 8 बजे तक प्रतिक्रमण , सामाजिक में सभी वर्ग के लोगों ने अत्यधिक रुचि पूर्वक सहभागिता अर्जित की तदुपरांत प्रवचन व प्रश्नमंच होता था । श्रोता गण मंत्रमुग्ध होकर सुनते थे । शास्त्रानुकूल चर्चा के अलावा अन्य-2 संस्मरणों ने अत्यधिक प्रभावित किया ।

5 3 अगस्त को संस्कार महोत्सव में लगभग 200 बालक बालिकाओं , युवा युवतियों ने जैन संस्कार महोत्सव में अष्टमूलगुण पालन , व्यवसन त्याग , आत्महत्या , भ्रूण हत्या त्याग , नित्यदेव दर्शनादी का नियम लेकर नई जीवनशैली जीने की का संकल्प सभी के लिए अन्त्यप प्रेर प्रभावना पूर्ण रहा ।

6 धूपदश्मी के पावन अवसर पर सैकड़ों वर्ष प्राचीन दुर्लभ ताड़पत्र , हस्त, स्वर्णलिखित आगम ग्रंथों के दर्शन प्रदर्शिनी के माध्यम से आ.ब्र. संदीप भैया जी ने सभी के लिए करवाए। यह प्रदर्शिनी श्रुतधाम बीना द्वारा आयोजित की गई थी, जो तीन दिन तक चलती रही। सभी दर्शकों ने सराहा एवं जीवन में प्रथम बार देखा । सुगंध दशमी पर पहली बार आदिनाथ मंदिर से विशाल शोभा यात्रा बेड बाजो के साथ धर्म ध्वजा के साथ पुरुष सफेद वत्रो में एवं महिला केसरिया वत्रो में मंगल गीत गाते हुए भगवान महावीर समवशरण मंदिर जाकर सामूहिक रूप से धूप चढ़ाई

7 अरथूना में आर्यिका श्री पवित्रमति माताजी , परतापुर में आर्यिका श्री विज्ञानमती माताजी , बड़ोदिया में मुनि श्री शुद्धसागर जी बागीदौरा में पूज्य मुनि श्री विनम्र सागर जी

के ससंघ सान्निध्य में दुर्लभ ग्रंथों के दर्शन भैया जी ने करवाए एवं सभाओं के माध्यम श्रुतधाम की जानकारी भी प्रदान की ।

8 श्री ब्राह्मी सुंदरी बालिका मंडल ( 65 सदस्याओं ) का गठन, अनेकांत स्वाध्याय मंडल ( 25 मंडल ) , वीर बालक मंडल ( 15 सदस्य ) का गठन कर धर्मप्रभावना, स्वाध्याय, भक्तांबर पाठ, जिनवाणी एवं जिनालय की वैयावृत्ति का कार्य सौंपा । 9. पर्युषण महापर्व समापन पर प्रथम रथो उत्सव कार्यक्रम बड़े हर्ष उल्लास के साथ मनाया गया पूरे नगर में कास्ट निर्मित रथ चांदी एवं पीतल की गनगोटी में श्री जी को विराजमांकर शोभा यात्रा नगर भमण को निकली तालाब बस स्टैंड पर पहुंचकर विशेष कार्यक्रम फूल माला बोली एवं तपसियों व विद्वानों का सम्मान किया गया इस अवसर पर सांगानेर संस्थान जयपुर से पधारे अनुभव शास्त्री का सानिध्य प्राप्त

 

संकलन करता सुरेश चंद्र गांधी नौगामा जिला बांसवाड़ा राजस्थान

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *