अज़ैन प्लैट्फ़ॉर्म पर जाकर अपने धर्म की विज्ञान से जुड़ी बातें रखनी चाहिए ! यही सच्ची धर्म प्रभावना होगी कल्याण गंगवाल
कोल्हापुर ( महाराष्ट्र )

कोल्हापुर ( महाराष्ट्र ) के महा दरबार ऑडिटॉरीयम में 5/6 अप्रैल को “ विश्व संत साहित्य “ परिषद संपन्न हुई ! जिसमें संपूर्ण भारत से और विदेश से क़रीबन एक हज़ार विद्वान इस कॉन्फ्रेंस में सम्मलित थे। जैन धर्म और पर्यावरण विषय पर विचार रखने हेतु पुणे के डॉक्टर कल्याणमल गंगवाल को आमंत्रित किया गया था। इस कांफ्रेस में वे अकेले जैन थे।! सचमुच जैन जगत को उन्हें स्वयम को जैन होने का गर्व महसुस हुआ।

उनके द्वारा दिये गए उदबोधन को सभी विद्वानों ने / उपस्थित साधु संतो ने / व शंकराचार्य महाराज ने भी उनकी सराहना की !
श्री गंगवाल का कहना था मुझे लगता है की सभी जैन विद्वानो कोअज़ैन प्लैट्फ़ॉर्म पर जाकर अपने धर्म की विज्ञान से जुड़ी बातें रखनी चाहिए ! यही सच्ची धर्म प्रभावना होगी !
अभिषेक जैन लुहाडिया रामगंजमंडी
