*णमोकार महामंत्र का 35 दिवसीय विधान शांति वीर धर्म धर्मस्थल पर शुभारंभ हुआ*
नैनवा
14 जुलाई सोमवार 2025दिगंबर जैन 20 पथ जिनालय बस स्टैंड पर जैन मुनिश्री 108प्रज्ञान सागर महाराज ने धर्म सभा को संबोधित करते हुए बताया की णमोकार मंत्र के विधान का आज प्रथम दिन है इसका बहुत बड़ा प्रभाव होता है उन्होंने बताया कि ललिताम नाम के व्यक्ति ने णमोकार मंत्र की सिद्धि प्राप्ति की जिससे वह अंजन चोर के नाम से प्रसिद्ध हुआ वह चोरी करता था और णमोकार मंत्र की सिद्धि आंखों में काजल लगाने से अदृश्य हो जाता था
मुनिश्री ने यह भी बताया इस णमोकार मंत्र को श्रद्धा पूर्ण घर में वाचन करना चाहिए जिससे सभी प्रकार का कष्ट का निवारण इस मंत्र से होता है जो व्यक्ति जैन होकर भी णमोकार मंत्र पर श्रद्धा नहीं रखना उसका जैन कहलाने का लाना हक नहीं है।



मुनिश्री ने यह भी बताया कि णमोकार मंत्र 84 लाख मंत्रो का राजा है इससे बड़ा कोई मंत्र नहीं है इसे श्रद्धा पूर्वक जपने से सभी प्रकार की सिद्धियां की प्राप्ति होती है।
आचार्य समाधि सम्राट विमल सागर जी महाराज को इस मंत्र की सिद्धि प्राप्ति की थी। आज मनुष्य बीमार होने पर दवाइयां लेकर रोग तो ठीक कर लेता है परंतु दुर्गति तिर्यच नरक से बचाने वाला णमोकार महामंत्र है मुनिश्री ने बताया पांच पद 35 अक्षरो से बना हुआ यह मंत्र है यह अनादी णमोकार महामंत्र है विधान के मुख्य पुण्यार्जक बनने का सौभाग्य श्रीमती भंवरी देवी विनोद महेंद्र प्रमोद भावेश बरमुंडा परिवार को प्राप्त हुआ।वर्षायोग में बाहर से आये मुनि भक्तों का समिति द्वारा स्वागत सम्मान किया गया

वही13 जुलाई रविवार को रामगंज मंडी पहुंचकर आचार्य श्री 108 विनिश्चय सागर जी महाराज को नैनवा वर्षायोग की पत्रिका कार्यकारिणी द्वारा भेंट की एवम विमोचन किया गया।
महावीर कुमार जैन सरावगी वर्षायोग प्रचार मंत्री से प्राप्त जानकारी संकलन अभिषेक जैन लुहाड़िया रामगंजमंडी 9929747312
