500 से अधिक बाल ब्रह्मचारी बहिनों की हो सकती है आर्यिका दीक्षाए
कुडलपुर
सदी का महापंचकल्याण लगभग शुरू हो चुका है, जो एक कीर्तिमान की और अग्रसर हो रहा है। वही कही संभावना इस समय दृष्टिगोचर है। आचार्य श्री विद्यासागर महाराज से 500 से अधिक बाल ब्रह्मचारी प्रतिमाधारी बहिने मोक्षमार्ग पर आरूढ़ होने हेतु दीक्षा हेतु तैयार है। इस महामहोत्सव के तहत मुनि,ऐलक, क्षुल्लक, आर्यिका दीक्षाए होने की संभावना व्यक्त की जा रही है। मिली जानकारी अनुसार 200 से अधिक 200 से ज्यादा बहिने कुडलपुर में है,जबकि कुछ घरों में रहकर साधना रत है।
विवरण
संघस्थ सुनील भैया के अनुसार मोक्ष मार्ग पर आरूढ़ होने की प्रथम सीढ़ी 11 प्रतिमा का व्रत होता है। उन्होंने कहा यह बहिने आगे चलकर आचार्य श्री से दीक्षा लेकर नारी का सर्वोत्कृष्ट पद आर्यिका दीक्षा लेकर मोक्ष मार्ग पर अग्रसर होगी।
संकलित अभिषेक जैन लुहाडीया रामगंजमडी
