गणिनी आर्यिका स्वस्ति भूषण माता जी का 12 वर्ष बाद कोटा में हुआ प्रवेश ऐतिहासिक साधु ज्ञान देकर श्रावक की आत्मा को उन्नति के पथ पर बढ़ने का उपदेश देता है स्वस्ति भूषण माताजी
कोटा
सिंहरथ प्रवर्तक परम् पूज्य पंचम पट्टाधीश आचार्यश्री 108 विद्याभूषण सन्मतिसागर महाराज की सुयोग्य शिष्याभारत गौरव स्वस्तिधाम प्रणेत्री परम् विदुषी लेखिका गणिनी आर्यिका 105 श्री स्वस्तिभूषण माताजी ससंघ का आज 14 अप्रैल 2024, रविवार को प्रातः 06:30 बजे नालन्दा स्कूल, अनंतपुरा से लाल मन्दिर, महावीर नगर प्रथम की ओर पदविहार हुआ। उसके उपरांत लाल मन्दिर में पूज्य माताजी के पावन सानिध्य में अभिषेक एवं शांतिधारा हुई।
दीपक जैन डीसीएम से मिली जानकारी अनुसार अभिषेक उपरांत
एक भव्य शौभायात्रा, बेंड, समाज की महिलाओं के बेंड जैसे जय घोष-रामपुरा, आदिश महिला बेंड-महावीर नगर द्वितीय और अनेक ढोल वादक और अत्यंत भक्तिभाव में झूमते नाचते हजारों श्रावक श्राविकाएं, बच्चे, बूढ़े अपनी गुरुमाँ के धर्मनगरी कोटा के हॄदयस्थल विज्ञाननगर में भव्यतिभव्य मंगलप्रवेश के साक्षी बनकर बनें,

12 वर्षों बाद मंगलप्रवेश से समाज जनों में काफी उत्साह था। कोटा नगर रविवार की बेला में धर्ममय लग रहा था यात्रा का महावीर युवा मण्डल, विज्ञाननगर के सभी सदस्यों ने अत्यंत उत्साह के साथ पूरे मार्ग में सुंदर संयोजन किया .



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शौभायात्रा मार्ग में भक्तों नें अनेक जगह सुन्दर स्वागतद्वार लगाए और गुरुमाँ स्वस्तिभूषण माताजी के पादप्रक्षालन एवं मंगल आरती की, विज्ञाननगर में मंगलप्रवेश के उपरांत आयोजित धर्मसभा में श्री पवन जैन परिवार ने पादप्रक्षालन और श्री मनोजजी आशीषज जैसवाल परिवार ने गुरुमाँ को शास्त्रभेंट किये, सकल दिगम्बर जैन समाज समिति, कोटा की ओर से गुरुमाँ को भगवान महावीर।
जन्मकल्याणक महोत्सव में मंगल सानिध्य प्रदान करने हेतु श्रीफल

अर्पित किया गया, की सुन्दर व्यवस्था की गई थी..सम्पूर्ण शौभायात्रा और मंगलप्रवेश का पारस चैनल पर Live प्रसारण दिखाया गया जिसका पुण्यार्जन श्री विनोद जैन टोरडी (MD. पारस चैनल) ने अर्जित किया। ….
धर्म सभा को संबोधित करते हुए माताजी ने कहा कि एक घड़ी में तीन सुई होती है, तीनों ही समय बताने का काम करती है। इस
प्रकार माला फेरना, पूजा करना, स्वाध्याय करना आदि सभी धार्मिक क्रियाओ का उद्देश्य जीवन में विशुद्ध बढ़ाना और पापो से बचने का है। उन्होंने कहा कि साधु ज्ञान देकर श्रावक की आत्मा को उन्नति के पथ पर बढ़ने का उपदेश देता है।
संकलन अभिषेक जैन लुहाड़िया रामगंजमंडी 9929747312
