आचार्य श्री 108 अनेकांत सागर महाराजएवं आर्यिका 105 स्वस्ति भूषण माताजी के महा समागम का साक्षी बना श्री विमल जैन का फार्म हाउस
जगपुरा
हाडोती में इन दिनों महती धर्म प्रभावना हो रही है। संतों का आगमन एवं समागम एवं महामिलन हो रहे हैं। वहीं जगपुरा का श्री विमल जैन वर्धमान ज्वैलर्स के फार्म हाउस तो सचमुच पुण्यशाली हो गया है। जी हां एक और तो जहा गणिनी गुरु मां स्वस्ति भूषण माताजी का दो बार प्रवास का अवसर मिला इसी के साथ आज ज्ञान की दो धाराओं के महा मिलन का साक्षी भी यह फार्म हाउस हो गया।
आचार्य शांति सागर महाराज की परंपरा के सप्तम पट्टाचार्य आचार्य श्री 108 अनेकांत सागर महाराज एवं गुरु मां स्वस्तिभूषण माता जी के महा समागम का साक्षी यह फार्म हाउस हो गया।






पूज्य गुरु मा ने आचार्य श्री के समक्ष नमन करते हुए उनकी परिक्रमा कर उन्हें नमोस्तु किया। यह एक ऐसे क्षण थे जो अपने आप में अविस्मरणीय क्षण कहे जा सकते हैं। निश्चित रूप से हाडोती में महामिलन, महा समागम होना एक शुभ संकेत देता है। स्वस्ति का अर्थ होता है मंगलकारी। वही एकांतवाद से हटकर अनेकांतवाद की ओर अग्रसर हो रहा है। जब अनेकांतवाद प्रदर्शित होता है तो स्वस्ति ही स्वस्ति है।
अभिषेक जैन लुहाड़िया रामगंजमंडी की रिपोर्ट 9929747312
