मुनिश्री प्रमाणसागर महाराज की छत्तीसगढ़ की सीमा में शंख नदी बॉर्डर पर समाज जनों की भव्य अगवानी
जशपुरनगर
आचार्य गुरुवर विद्यासागर महाराज के शिष्य परम पूज्य मुनि श्री प्रमाण सागर महाराज संघ का शंख नदी बॉर्डर पर प्रवेश के साथ छत्तीसगढ़ की सीमा में प्रवेश हो गया।
पूज्य महाराज श्री संघ सहित गुरु चरणों की दर्शन की अभिलाषा लिए डोंगरगढ़ छत्तीसगढ़ की ओर अपने कदम बढ़ा रहे हैं।

जैसे ही प्रवेश शंख नदी बॉर्डर पर हुआ आसपास के गांव के भक्त जन महाराज श्री की अगवानी करने हेतु आतुर दिखाई दिए। जशपुरनगर, कुनकुरी, बगीचा, सन्ना, चिरमिरी के भक्त जन गुरु चरणों की आशीष लेने पहुंचे। काफी उत्साह का वातावरण दिखाई दे रहा था। भक्ति के स्वर गूंज रहे थे जय जयकार का शोर हो रहा था। ढोल नगाड़े बाजे बज रहे थे।

मुनि श्री के प्रवेश मार्ग पर जगह-जगह आकर्षक रंगोलिया सजी हुई थी, महाराज श्री संघ सहित बस एक लक्ष्य को लेकर आगे बढ़ रहे हैं। बस गुरु दर्शन हो जाए उनके लक्ष्य और गुरु चरणों की आज इतनी अधिक दिखाई दे रही है कि उनके चेहरे पर दूरी का कोई एहसास नजर नहीं आता।

मिली जानकारी अनुसार रविवार की बेला में प्रातः महाराज श्री का जशपुरनगर जैन मंदिर में आगमन होगा। जिसको लेकर व्यापक तैयारियां की गई है एवं नगर को बहुत ही आकर्षक तरीके से सजाया गया है नवयुवक मंडल उत्साह से लबरेज नजर आ रहा है। वही महिला शक्ति भी बहुत ही उत्साह से भरपूर है। पूज्य गुरुदेव को भी 500 किलोमीटर से भी अधिक का बिहार करना है। 
लक्ष्य अटल लिए
कदम बढ़ाते जा रहे
ना दिन ना रात बस बढ़ते चले
गुरु चरणों की आस लिए
निर्विकल्प बढ़ते चले
ना पैरों की चूबन, ना मन में थकान,
बस लेकर एक लक्ष्य महान
बस मिले गुरु चरण स्थान
सब कुछ कर समर्पित तन मन
मन में यही है विकल्प कब होंगे गुरु दर्शन
धन्य है ऐसे शिष्य महान
जय जय हो मुनि प्रमाण
अभिषेक जैन लुहाड़िया रामगंजमंडी की रिपोर्ट
