भ. शांतिनाथ की शांतिधारा की अद्भुत महिमा :- सहस्रकूट विज्ञातीर्थ
गुन्सी
श्री दिगम्बर जैन सहस्रकूट विज्ञातीर्थ, गुन्सी (राज) की पुण्य धरा पर विश्वशांतिदायक अतिशयकारी श्री शांतिनाथ भगवान की मनोज्ञ प्रतिमा सभी भक्तों के लिए आस्था का केन्द्र बन चुकी है। आर्यिका विज्ञाश्री माताजी संसंघ के द्वारा चल रही निरंतर श्री जिनसहस्रनाम की आराधना से इस क्षेत्र पर पवित्र ऊर्जा का संचार सभी जीवों के लिए कल्याण का कारण है
एक सच्ची घटना।




गुरूभक्त धर्मचंद जैन टोंक वालों का बेटा बार-बार परीक्षा में अनुत्तीर्ण होने से नाराज माताजी के चरणों में अपनी समस्या लेके पहुँचा। माताजी ने उसे आशीर्वाद देते हुए कहां कि – श्रद्धा-भक्ति के साथ भगवान शांतिनाथ जी की शांतिधारा करके ही परीक्षा देने जाना। उसने गुरु आज्ञा को शिरोधार्य किया उसका परिणाम यह निकला की वह अधिक अंकों से उत्तीर्ण होकर अच्छी नौकरी कर रहा है। यह चमत्कार भ. शांतिनाथ जी की शांतिधारा एवं माताजी के आशीर्वाद में ही छुपा हुआ है।
विज्ञातीर्थ क्षेत्र के चैत्यालय में विराजमान श्री शांतिनाथ भगवान की शांतिधारा की महिमा अचिन्त्य है। किसी की कैसी भी समस्या क्यों न हो भगवान की शांतिधारा से सब शांत हो ही जाती है।
संकलन अभिषेक जैन लुहाड़िया रामगंजमंडी
