भजनलाल शर्मा राजस्थान भारतीय जनता पार्टी विधायक दल के नेता चुने जाने के बाद जब संघीजी सांगानेर आदिनाथ भगवान के दर्शन किए 

धर्म

भजनलाल शर्मा राजस्थान भारतीय जनता पार्टी विधायक दल के नेता चुने जाने के बाद जब संघीजी सांगानेर आदिनाथ भगवान के दर्शन किए 
सागानेर
राजस्थान के मुख्यमंत्री के रूप में श्री भजन लाल शर्मा ने 15 दिसंबर को शपथ ली।

 

 

 

 

नीरज जैन रामगंजमंडी ने बताया की
इससे पूर्व वे विधायक दल के नेता चुने जाने के बाद संघीजी सांगानेर आदिनाथ भगवान के दर्शन करने आए जहा क्षेत्र कमेटी द्वारा उनका भव्य स्वागत किया गया आपको बता दे शर्मा ने जब विधायक हेतु नामांकन भरा था तब भी वह भगवान के दर्शन करने पहुंचे थे, उसके बाद वह विधायक का चुनाव जीते तो पुनः बाबा के चरणों में आए और अब वह 15dec को राजस्थान के मुख्यमंत्री के रूप में शपथ लें चुके है। विधायक दल का नेता चुने जाने के बाद भी बाबा के चरणों में आए।

 

श्री शर्मा प्रभु आदिनाथ को अपना आराध्य मानते है और कोई भी कार्य शुरू करने के पहले बाबा आदिनाथ का आशीर्वाद जरूर लेते है। यह दर्शाता है कि आदिनाथ भगवान कितने अतिशयकारी है।
हम अगर इसे इनके नाम के साथ देखे तो इसकी सार्थकता सिद्ध हो रही

 

 

 

 

 

 

 


भ भजनलाल शर्मा सबसे पहले सांगानेर के आदिनाथ बाबा के
ज जब दर्शन करने पहुंचे मुख्यमंत्री के पद पर बैठने से पहले
न नमन करने भगवान को सांगानेर के दरबार में पहुंचे
ला लाकर अपनी भक्ति भावना
ल लक्ष्य से श्रीफल चढ़ाने सांगानेर पहुंचे।

 

विवरण

 

 

 

 

इस पर पूज्यवर गुरुदेव सुधा सागर महाराज ने कहा यहां का अतिशय ऐसा है की जब भजनलाल मुख्यमंत्री बने तो किसी को खबर नही ऐसा सरप्राइज दिया। खुश वसुंधरा भी अचरज में पढ़ गई नाम तो सही है। सब एक्जिट पोल फेल हो गए भजनलाल पहली बार जीते, पहली बार ही जीते यही है चमत्कार। वे सांगानेर से ही जीते वह भी 48000 वोटो से। लेकिन सबसे बड़ी बात वे नामांकन भरने गए तब भी सांगानेर बाबा के दर्शन किए, विधायक बनकर आए तब भी बाबा के दर्शन लेकिन मुख्यमंत्री के रूप में चुने जाने के बाद भूल जाते हैं सब लेकिन फिर भी वह है बाबा के दर्शन करने पहुंचे। सबसे बड़ा काम जरूर करे शाम को मंदिर जाकर सभी भगवान का आभार जरुर प्रकट करें। उन्होंने कहा आभार खत्म हो रहा है, जिनके भी निमित्त से आपका कार्य हो रहा है उसके प्रति आभार जरुर प्रकट करना चाहिए। आभार का परिणाम यह होता है की भविष्य में वह दुर्घटना लौटकर नहीं आती है। आभार की बहुत अच्छी परंपरा है, भजनलाल भी मुख्यमंत्री बनने के बाद आभार मानने बाबा के समक्ष्य गए। नियम से उन्होंने आदर्श परंपरा को निभाया नहीं तो लोग भूल जाते हैं।
अभिषेक जैन लुहाड़िया रामगंजमंडी

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