आज पहली बार किसी के निमंत्रण मे दम आई है मुनि श्री सुधासागर महाराज
आगरा
पूज्य निर्यापक श्रमण मुनि पुंगव 108 श्री सुधासागर महाराज के चरणों मे ओल्ड ईदगाह समाज आई निवेदन किया की पूज्य गुरुदेव आपके चरण और आपका शीतकाल प्रवास हमारे ओल्ड ईदगाह मे हो
निवेदन के बाद पूज्य मुनिश्री गदगद दिखाई दिए उन्होने कहा आज पहली बार निवेदन निमंत्रण मे दम आई है सब लोग आकर निवेदन करने आए है हमारी कॉलोनी मे आओ मै सोचता हु क्यों जाऊ यहाँ क्या कमी है अब प्रार्थना करने की विधि अब समझ मे आई है साधू को बिना पर्पस मत ले जाओ बैठे बैठे रोटी खाने की आदत मेरी नहीं है न ही पैर दबाने की आदत मेरी है लाभ मिलना चाहिए किस लाभ के लिए तुम साधु को लेकर जा रहे हो अब आज कुछ बात बनी महाराज मुझे अभिषेक विधि सीखना है साधु को बुलाने का पर्पस मत समझो साधु से कुछ लेने का सीखने का पर्पस रखो महाराज श्री ने कहा सूर्य इसलिए नहीं निकलता उसे निकलना है सूर्य को देखकर एसा समझो की मुझे कुछ रास्ता देखना है इसी के साथ समस्त मोजूद कमेटी ने प्रस्ताव पारित किया की महाराज श्री आपके सानिध्य मे हम अभिषेक पूजन विधि सीखेगे



पूर्व की स्मृति को लाते हुए मनोज जैन बाकलीवाल ने कहा की हमने गुरुदेव से कुछ वर्षो पहले गुरुदेव के सानिध्य मे महावीराष्टक स्तोत्र देवदर्शन स्तोत्र कमला नगर मे सीखा और तत्वार्थ सूत्र का वाचन यह सब कुछ हमने सीखा
अभिषेक जैन लुहाड़ीया रामगंजमंडी की रिपोर्ट
