संसार में उपलब्धि की नही अनुपलब्धि की तैयारी करों सुधासागर महाराज
आगरा
निर्यापक श्रमण मुनिपुंगव108 श्री सुधासागर महाराज ने प्रवचन मे कहासंसार में उपलब्धि की नही अनुपलब्धि की तैयारी करों।
महाराज श्री ने रामचंद्र जी और लक्ष्मण का उदाहरण देते हुए कहा कि रामचंद्रजी और लक्ष्मण को गुरु ने कंडा बीनना, नंगे पैर चलना सिखाया राजा बनना है, लेकिन गरीबी मे कैसे जिया जाये यह कार्य वनवास के समय उनके काम आया इसलिए अनुपलब्ध होने की तैयारी करो।
उन्होंने हिंसा को कला बनाने की बात करते हुए कहा कि-हिसा को कला बना दो उसको उसको हमने पाप बना दिया कला तोसीखने के लिए होती हैं।हिंसा,चोरी को कला बना दो चोरी को72 कलाओं मे एक कला माना गया है।

आदिनाथ भगवान ने कहा मरो और मरने दो महावीर स्वामी ने जीओ और जीने दो दोनो देखने में अलग अलग लगते हैं इनको एक ही बात है कैसे सिद्ध करना,सैनिक को 24 घंटे मारने के भाव करते हैं फिर भी उनको मारने का पाप नही लगता है।
संकलन अभिषेक जैन लुहाड़िया रामगंजमंडी
