निर्यापक श्रमण श्री वीर सागर महाराज ससंघ का मंगल प्रवेश पैठन में हुआ
पैठन
आचार्य श्री108 विद्यासागर महाराज के शिष्य निर्यापक श्रमण श्री वीरसागर महाराज ससंघ (4 मुनिराज , 5 क्षुल्लक जी) का मंगल प्रवेश महाराष्ट्र के प्रसिद्ध जैन तीर्थ क्षेत्र पैठन में हुआ।
जहां मुनि संघ ने श्री मुनि सुव्रत स्वामी के दर्शन किए और उनके चरण धुली मस्तक पर लगाया।
पैठन महाराष्ट्र राज्य में है। जहा म चतुर्थकालीन श्री मुनिसुव्रत स्वामी की लगभग साढ़े तीन फुट ऊंची पद्मासन प्रतिमा विराजमान है जो की रेत से निर्मित है। और ऐसा कहा जाता है कि इस प्रतिमा का निर्माण राजा खरदूषण ने करवाया था।
ऐसी भीषण गर्मी में भी मुनि संघ का मंगल विहार निरंतर हो रहा रहा है। अब यँहा से गुरु चरण किस ओर मुड़ते हैं सभी इसकी प्रतीक्षा कर रहे हैं। , क्या पुणे वालों के भाग्य खोलने वाले हैं या किसी औऱ समाज को प्राप्त होगा चातुर्मास। यह भविष्य के गर्भ में निहित है।
संकलन अभिषेक जैन लुहाड़िया रामगंजमंडी
