आर्यिका 105 श्री सुनिधिमती माताजी का अपनी जन्मभूमि से हुआ मंगल विहार
चितरी
विद्यावस्पति आचार्य श्री सुविधिसागर गुरुराज की सुशिष्या आर्यिका श्री 105 सुनिधिमती माताजी का अपनी जन्म भूमि चितरी से दिनांक 10 अप्रैल को धर्म नगरी घाटा का गांव के लिए मंगल विहार हुआ।
पूज्या माताजी के सानिध्य में विगत माह में चितरी में श्री मज्जिनेद्र पंच कल्याणक प्रतिष्ठा महोत्सव संपन्न हुआ।तो हाल ही के सप्ताह में पूज्या आर्यिका श्री सुनिधिमती माताजी के मिलन दर्शनार्थ आचार्य भगवंत श्री सुंदरसागर गुरुदेव की सुशिष्या आर्यिका श्री सुनयमती माताजी का संघ का चितरी में मंगल आगमन हुआ।

द्वय संघों के सानिध्य में धर्म की अभूतपूर्व प्रभावना हुई।आर्यिका श्री सुनिधिमती माताजी के मंगल विहार से लोगो की आंखे नम हो उठी।

आर्यिका श्री सुनयमती माताजी भी संघ सहित नगर के आखरी छोर तक विहार में सम्मिलित हुए,जहा द्वय संघों ने आपसी नमन विनय पूर्वक एक दूसरे को विदा किया।आर्यिका श्री सुनयमति माताजी संघ सहित चितरी में विराजमान है।
