विपदा एवम प्रतिकूलता में साथ न देने वाले नहीं के बराबर हैं पुष्पदंत सागर महाराज
ग्वालियर
पुष्पगिरी तीर्थ प्रणेता आचार्य श्री 108 पुष्पदंत सागर महाराज ने अपने उद्बोधन में कहा कि हर व्यक्ति को जीवन की कमियां बताने वाला दोस्त खोजना चाहिए। ताकि वह वास्तविक जीवन जी सके।

उन्होंने कहा कि झूठी प्रशंसा एवं चापलूसी करने वाले दोस्त तो बहुत हैं लेकिन सच्चा मित्र नहीं है जो आपकी कमियां बताएं और उनसे मुक्त कराएं तथा विपदा में कभी साथ ना छोड़े।
उन्होंने विभीषण का उदाहरण देते हुए कहा कि विभीषण ने प्रतिकूलता में राम का साथ दिया और सफलता दिलाई। सफलता की मिठाई खाने वाले तो बहुत हैं लेकिन विपदा एवं प्रतिकूलता में साथ न देने वाले नहीं के बराबर है।
उक्त विचार पूज्यश्री ने मुरार से बिहार करते हुए महाराजपुरा पहुंचकर यह विचार व्यक्त किए। पूज्य श्री का मंगल विहार भिंड नगर की ओर चल रहा है।
संकलन अभिषेक जैन लुहाड़िया रामगंजमंडी
