फागी कस्बे सहित परिक्षेत्र के सारे जैन समाज ने मनाया रोट तीज का पर्व
फागी संवाददाता राजाबाबू गोधा की रिपोर्ट
फागी जैन समाज सहित कस्बे के चकवाड़ा,चोरू, नारेड़ा, मंडावरी, मेंदवास, नीमेडा , लदाना, सुल्तानिया सहित परिक्षेत्र के सारे जैन धर्मावलंबियों ने रोट तीज का पर्व हर्षोल्लास के साथ मनाया। जैन समाज के मीडिया प्रवक्ता राजाबाबू गोधा ने अवगत कराया कि आज प्रातः बड़ा मंदिर,बीचला मंदिर, मुनि सुव्रतनाथ मंदिर, पार्श्वनाथ जिनालय, चंद्रप्रभु नसियां सहित कस्बे के सभी जिनालयों में प्रातः अभिषेक, शांतिधारा, अष्टद्रव्यों से पूजा के बाद चोबीस तीर्थंकरों की पूजा की गई। व सुख, शांति, समृद्धि की कामना की, कार्यक्रम में समाज की मैना बावड़ी ने बताया कि रोट तीज के व्रत से अक्षय निधि की प्राप्त होती है, प्रीति बावड़ी ने अवगत कराया कि आज के दिन महिलाएं एक टाईम छह रसों का त्याग करके एकासन एवं एक ही अन्न का उसी वक्त पानी से अन्तराय रहित व्रत करती है, इससे परिवार में सुख, शांति, समृद्धि रहने के साथ लक्ष्मी अटल रहती है। पायल झंडा ने बताया कि इस व्रत को चोबीसी व्रत भी कहते हैं यह व्रत तीन वर्ष, बारह वर्ष, तथा चोबीस वर्ष किया जाता है। चित्रा गोधा तथा पूर्णिमा गोधा ने अवगत कराया कि इस व्रत के दिन का कुकथाओं का त्याग करके शील सहित धर्म ध्यान में लीन रहना चाहिए तथा चार प्रकार का दान देना चाहिए। कार्यक्रम में समाज की सभी महिलाओं ने पुण्यलाभ प्राप्त किया। कार्यक्रम में मैना बावड़ी, प्रीति बावड़ी, पायल झंडा, प्रिया बावड़ी, रूबल बावड़ी चित्रा गोधा तथा पूर्णिमा गोधा सहित काफी महिलाएं साथ-साथ थी।
संकलन अभिषेक जैन लुहाड़िया रामगंजमंडी
