भगवान श्री आदिनाथ मंदिर के प्रतिष्ठा के प्रथम दिन मंदिर में कई पूजन, वार्षिक ध्वजा दादाबाड़ी की चढ़ीआचार्य श्री के मंगल प्रवचन, पूर्व विधायक प्रहलाद गुंजल ने लिया आचार्य श्री का आशीर्वाद
रामगंजमंडी।
शहर के बाजार नम्बर तीन में बने आदिनाथ भगवान के मंदिर की प्रतिष्ठा महोत्सव के प्रथम दिन विभिन्न कार्यक्रम हुए। सुबह 6 बजे से कुम्भ स्थापना, दीप स्थापना, ज्वारारोपण, नंधावर्त, नवग्रह, अष्ट मंगल, दश दिगपाल, 64 योगिनी, भैरव पूजन के आयोजन विधिकारक अरविन्द चोरड़िया इन्दौर ने करवाए। इसके बाद मंदिर परिसर में स्थापित जिन कुशल सूरी दादाबाड़ी की वार्षिक ध्वजा धूमधाम और हर्ष के साथ चढ़ाई गई। ध्वजा चढ़ाने का लाभ पालेचा परिवार नैनवा वालों का रहा। कार्यक्रम में रामगंजमंडी और कोटा उत्तर के पूर्व विधायक प्रहलाद गुंजल ने मंदिर पहुँच कर आचार्य मणिप्रभ सूरीश्वर का आशीर्वाद लिया और आचार्य श्री के साथ प्रवचन पंडाल में पहुंचे।
अपने उद्बोधन में पूर्व विधायक ने कहा कि आपका सानिध्य पाकर अभिभूत हूँ। हर इंसान को पहली भक्ति संतों की करनी चाहिये। भगवान के साक्षात दर्शन संतों में मिलते हैं। श्रीआदिनाथ जैन श्वेताम्बर श्री संघ ट्रस्ट के लोगों ने पूर्व विधायक का बहुमान किया।

खरतरगच्छाधीपति आचार्य मणिप्रभ सूरीश्वर ने अपने प्रवचन की शुरुआत में कहा कि पूर्व विधायक का उद्बोधन कोई राजनेता जैसा नहीं, धर्म के ज्ञाता जैसा लग रहा है। उन्होंने कहा कि एक बार फल नहीं मिलता तो निराश नहीं होना चाहिये, हो सकता है उससे बड़ा फल मिलने वाला हो।




आचार्य ने एक उदाहरण देते हुए उपस्थित लोगों से कहा कि करुणा और सेवा का भाव दिल में रखना चाहिए। चेहरा देखकर सामने वाले के मन के भावों को समझने वाले बहुत कम लोग रह गए हैं। जो देकर राजी होता है वह हमेशा खुश रहता है। जैसे घने अंधकार को सूर्य की एक किरण खत्म कर देती है, उसी तरह संतों के स्पर्श मात्र से पूरी ज़िन्दगी बदल जाती है। मंदिर में भगवान के सामने याचक नहीं भक्त बनकर जाने की नसीहत आचार्य ने दी। उन्होंने कहा कि जो माँगता है उसे कुछ मिलता है, लेकिन परमात्मा से जो कुछ नहीं माँगता उसे सब कुछ मिल जाता है। आचार्य ने कहा कि गुण कभी मांगने से नहीं मिलते, गुणों को पुरुषार्थ से प्राप्त किया जाता है।
– आचार्य श्री ने आंखों और दर्पण के अंतर बताया
आचार्य श्री ने अपने प्रवचन में आंखों और दर्पण का अंतर बताते हुए कहा कि दर्पण सभी को देखता है पर अपने पास किसी को नहीं रखता। आँखें दर्पण जैसी नहीं होनी चाहिए। आँखें कैमरे की तरह होनी चाहिए। एक बार परमात्मा को देखो तो कैमरे की तरह कैद हो जावे। दुनिया को दर्पण की तरह देखो और परमात्मा को कैमरे की तरह देखो। शिक्षा नीति पर बोलते हुए आचार्य ने कहा कि वर्तमान शिक्षा नीति में सभी विषय पढ़ाए जाते हैं, लेकिन जीवन को आदर्श कैसे बनाया जाता है, यह नहीं सिखाया जाता।यह संस्कार सिर्फ गुरु कुलों में प्राप्त होता है। संस्कार मिलने का प्रथम स्थान घर और दूसरा स्कूल होता है, वहां का वातावरण शुद्ध होना चाहिए।
भक्ति पर बोलते हुए आचार्य श्री मणिप्रभ सागरजी ने कहा कि भक्ति सूरदास जैसी होनी चाहिए। भगवान की दी हुई आंखों को वापस कर दिया। सूरदास ने भगवान विष्णु से कहा कि आपकी दी हुई आंखों से मैंने आपको देख लिया है। मैं अब किसी और को नहीं देखना चाहता। प्रवचन समाप्ति के बाद गांव सांझी के कार्यक्रम की सिंगर सोनू वडेरा बाड़मेर, अशोक कोठारी उज्जैन, कमल गोलेच्छा हैदराबाद, कमल लोढ़ा खारियां मीठापुर, अनिल मंडोत मोदक, पारसमल पालेचा नैनवा, राजेश लोढ़ा रामगंजमंडी, दिलीप लोढ़ा रामगंजमंडी, अक्षत डांगी रामगंजमंडी, प्रदीप तिल्लानी रामगंजमंडी का श्री संघ ट्रस्ट की ओर से सम्मान किया गया।
– जाजम की बोली लगी
14 अप्रैल को प्रतिष्ठा महोत्सव के विभिन्न नकरों की बोलियां जिस जाजम पर बैठकर लगेंगी। उस जाजम का लाभ देवीलाल राजेन्द्र कुमार सुरेन्द्र कुमार रांका परिवार ने लिया। रविवार को शाम को साढ़े 4 बजे आचार्य मणिप्रभ सुरीश्वरजी श्रीसंघ अध्यक्ष राजकुमार पारख के घर साध्वी मंडल के साथ पहुंचे और उनके पिता 92 वर्षीय हुलासमल पारख से आत्मीयता के साथ मिले और उनको मांगलिक सुनाई। घर में अपने पगलिए किए और मंदिर निर्माण की तारीफ करते हुए कहा कि मैं सोच रहा हु कि आगे जिन भी मंदिरों का निर्माण मेरी निश्रा में हो, उन सबको का कार्य राजकुमार पारख करें। राजकमल ऑइल मिल में रविवार रात्रि को हुई प्रथम बार गांव सांझी के कार्यक्रम जो देर रात तक चला।
मंगलवार सुबह साढ़े 7 बजे निकलेगी शोभा यात्रा
श्रीसंघ ट्रस्ट अध्यक्ष राजकुमार पारख ने बताया कि मंगलवार सुबह साढ़े 7 बजे शोभायात्रा मंदिर से शुरू होकर पूरे नगर में निकलेगी। शोभायात्रा में हाथी, घोड़े, ऊंट, भस्म रमैया मंडल उज्जैन, शेरे पंजाब बैंड भटिंडा शोभायात्रा की शान बढ़ाने के लिये बुलाए गए हैं।
अभिषेक जैन लुहाड़िया रामगंजमंडी की रिपोर्ट 9929747312
