वर्तमान की इतनी कदर करो तुम भी भगवान महावीर बन सकोआचार्य विनिश्चय सागर महाराज
नैनवा
गुरुवार जिला बूंदी 3 दिसंबर 2025 रात्रि विश्राम अल्फाबेट पब्लिक स्कूल पर हुआ 4 dec प्रातः 8:00 बजे देईपोल चौराहे पर पूरे जैन समाज द्वारा मुनि श्री के भव्य अगवानी की गई।
वहां से गाजे-बाजे बैंड ट्रॉली के साथ जय जय कार करते हुए जगह-जगह पर तोरण द्वार पुष्य वर्षा एवं परिवार द्वारा पाद पक्षालन किया गया उनियारा चौराहा से शांति वीर धर्म स्थल तक एक दर्जन से अधिक परिवारों ने आचार्य श्री के पाद पक्षालन का पुण्य प्राप्त किया शांति वीर धर्म स्थल पहुंचने पर आचार्य श्री संघ ने जिनालय के दर्शन किये वहां से गढपोल दरवाजा मालदेव चौक होते हुए अग्रवाल दिगंबर जैन बड़े मंदिर पहुंचे।

आगवानी के क्रम मे महिलामंडल द्वारा आचार्य श्री संघ को फूलों के थाल सजाकर प्रदार्पण कराया संघ में आचार्य श्री विनिश्चय सागर जी महाराज मुनिश्री प्रांजल सागर महाराज मुनिश्री प्रवीर सागर महाराज मुनिश्री प्रत्यक्ष सागर महाराज क्षुल्लक श्री 105 प्रमेश सागर महाराज संघ में है।
आचार्य श्री 108विराग सागर जी महाराज के चित्र के समक्ष दीप प्रज्वलित बाहर से पधारे अतिथि जयपुर निवाई रामगंज मंडी शिवाड़ महासभा नैनवां समाज अध्यक्ष कमल मारवाड़ा द्वारा किया
मंगलाचरण की प्रस्तुति बालिकाओं द्वारा की गई आचार्य श्री के पाद पक्षालन का सौभाग्य मोहनलाल कमल कुमार मनीष कुमार पम्मी जैन मारवाड़ा परिवार शास्त्र भेट का सौभाग्य सूरजमल जैन एडवोकेट मुजीब जयंत मयंक सोगानी परिवार को प्राप्त हुआ आचार्य श्री के जीवन पर प्रकाश मोहनलाल मारवाड़ा महावीर सरावगी विनोद बनी चेतन जैन निमोडिया महासभा ने प्रकट किया।
आचार्य श्री ने नैनवा की तारीफ
आचार्य श्री 108विनिश्चय सागर महाराज ने बताया जैसा सुना था वैसा ही नैनवां नगरी पहुंचने पर देखने को मालूम हुआ कि यह धर्म नगरी है जहां पर प्रज्ञानसागर प्रसिद्ध सागर महाराज मेरी आंखों के दो नैन का वर्षा योग हुआ है।
उन्होंने कहा आज का मनुष्य अपनी मंजिल पाने के लिए भटक रहा है उस मंजिल पहुंचने पर पहले निश्चय करना होगा कि मुझे कौन सी मंजिल तक पहुंचना है
भगवान महावीर ने अपनी मंजिल पहुंचने के लिए संसार को त्याग दिया था तुम भी वर्तमान की इतनी कदर करो कि तुम भी भगवान महावीर जैसा बन सको दिगंबर संत सदैव ही ज्ञान देने के लिए आपकी नगरी में आते हैं आप उसे ज्ञान को जीवन में उतारते ही नहीं यही कारण है संसार में भटकने का।
आचार्य श्री ने बताया शुरुआत अच्छी होगी तो अंतिम छोर भी बहुत अच्छा होगा मनुष्य अपना कद बढ़ाना चाहता है तो वह महावीर की वाणी से बढ़ेगा आपकी चंचल लक्ष्मी से बढ़ने वाला नहीं है यह धन तो नाशवान है एक दिन आया वैसे ही चला जाएगा धर्म जीवन भर आपका साथी बनाकर आपका साथ निभाएगा
भगवान महावीर के बताएं मार्ग पर चलने की पर धर्म की प्राप्ति होना
इस समारोह में प्रदीप जैन निर्मल जैन डॉक्टर विमल जैन अशोक जैन चेतन जैन निमोडीया महासभा सदस्य विमल झोला जैन निवाई आदि स्थानों से मुनि भक्त पधारे।
दिगंबर जैन समाज नैनवा निवाई रामगंजमंडी शिवाड जयपुर आदि स्थानों भक्तों ने श्रीफल भेंट कर निवेदन कर आशीर्वाद प्राप्त किया।
धर्म सभा का संचालन विनोद जैन बनी ने किया
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श्रद्धा से दर्शन करने पर भवन निर्मल होते हैंआर्यिका विशेष मति माताजी
आर्यिका विशुद्धमति माताजी की परम शिष्या विशेषमति माताजी ने बताया कि श्रद्धा से प्रभु के दर्शन करने से बहुत कुछ प्राप्त होता है बिना श्रद्धा के कुछ भी प्राप्त नहीं होता साधु संत के दर्शन करने से पुण्य की प्राप्ति होती है इसीलिए भक्त साधु संतों के दर्शन करने के लिए लालायित रहते हैं।सभी बाहर से पधारे भक्तों को आचार्य ने अपना आशीष दिया
महावीर कुमार सरावगी दिगंबर जैन प्रवक्ता नैनवा से प्राप्त जानकारी संकलन अभिषेक जैन लुहाड़िया रामगंजमंडी 9929747312














