समसगढ़ में आर्यिका सृष्टिभूषण माताजी के सानिध्य में प्रभु पार्श्वनाथ की प्रतिमा विराजमान हुई
भोपाल|
समसगढ़ में नवनिर्मित मंदिरमें बुधवार को मुनि श्री विनंद सागर
और गणिनी आर्यिका रत्न सृष्टिभूषण माताजी के सानिध्य में मूल
नायक भगवान पार्श्वनाथ की लगभग5 टन वजनी 4 फीट की प्रतिमा कोमूल वेदी पर प्रतिष्ठित किया गया।साथ ही 24 तीर्थंकर भगवंतों कीप्रतिमा सहित अन्य प्रतिमाएं भीविराजित की गई।जैन महासभा के संजय मुंगावली ने बताया कि मंदिर में भूगर्भ से प्राप्त पद्मावती देवी कीप्रतिमा भी विराजित की गई। इन्हेंविराजमान करने का अवसर रमेश भंडारी परिवार को प्राप्त हुआ। इस अवसर पर मंदिर के अध्यक्ष सुनील जैन, आदित्य जैन आदि उपस्थित थे।
आपको बता दें मध्यप्रदेश मुंगावली गौरव 61 वर्षीय गणनी आर्यिका 105 आर्यिका श्री सृष्टिभूषण माताजी संयम जीवन का 32 वा चातुर्मास मध्यप्रदेश की राजधानी भोपाल के मंगलवारा में करने हेतु विहार चल रहा हैं।माताजी के विहार में आहार निहार में दिगम्बर जैन समाज मंगलवारा पूर्ण सक्रिय सहभागिता कर रहा है
राजेश पंचोलिया इंदौर से प्राप्त जानकारी संकलन अभिषेक जैन लुहाड़िया रामगंजमंडी 9929747312
