जैनाचार्य धरती के देवता आचार्य विशुद्ध सागर का इन्दौर में होगा पट्टाचार्य महोत्सव निवाई से सैकड़ों श्रद्धालु पट्टाचार्य महोत्सव में शामिल होंगेविश्व में पहली बार 65 एकड़ सुमति धाम में होगा यह आयोजन
निवाई – परम पूज्य राष्ट्रीय स्तर के संत समाधिस्थ गणाचार्य विराग सागर महाराज के शिष्य आचार्य विशुद्ध सागर महाराज का 30 अप्रैल को इन्दौर में पट्टाचार्य महोत्सव मनाया जाएगा जिसमें देश-विदेश से लाखों श्रद्धालुओं का इस महासागर में आना शुरू हो गया है। इस आयोजन में शामिल होने के लिए निवाई टोंक जिले से भी सेकंडों श्रद्धालु इस महाकुंभ महासागर में शामिल होंगे। अखिल भारतीय जैन धर्म प्रचारक विमल पाटनी जौंला ने बताया कि 27 अप्रैल से इन्दौर में आयोजित होने वाले आचार्य विशुद्ध सागर महाराज को मिलने वाला पट्टाचार्य पदारोहण महामहोत्सव में 500 से अधिक आचार्य परमेष्ठि उपाध्याय परमेष्ठि साधू परमेष्ठि एवं क्षुल्लक क्षुल्लिका आर्यिका गणिनी माता, ब्रह्मचारी और ब्रह्मचारिणी बहिनें, और इस महा महोत्सव में 30 अप्रैल को 2025 को लाखों लोगों का समागम होने जा रहा है। इस आयोजन में गुरु भक्त सपना मनीष गोधा सुमति धाम इन्दौर महा महोत्सव के महानायक होंगे।
धर्म प्रचारक विमल जौंला ने बताया कि श्रमण संस्कृति के समाधिस्थ गणाचार्य विराग सागर महाराज के अन्तिम उपदेशानुसार जैनाचार्य शताब्दी देशनाचार्य चलते फिरते धरती के देवता विशुद्ध सागर महाराज को पट्टाचार्य पद महामहोत्सव का आयोजन 27 अप्रैल से 2 मई 2025 तक इन्दौर के तीर्थ सुमति धाम जिनालय में होगा। जहां 30 अप्रैल को जैनाचार्य विशुद्ध सागर महाराज को पट्टाचार्य पद पदारोहण के संस्कार प्रदान किए जाएंगे। जौंला ने बताया कि इस आयोजन में पहुंचने से पहले आनलाइन रजिस्ट्रेशन करवाना जरूरी है उसके बाद ही बारकोड दिखाकर प्रवेश दिया जाएगा। इन्दौर के तीर्थ स्वरूप सुमति धाम में यह आयोजन लगभग 65 एकड़ भूमि में आयोजित किया जाएगा जिसमें देश भर से विभिन्न राज्यों से गुरु भक्त परिवार की उपस्थिति रहेंगी। धर्म प्रचारक एवं गुरु भक्त परिवार के विमल पाटनी ने बताया कि 27 अप्रैल रविवार को सभी संतों का एक साथ सुमति धाम में प्रवेश होगा। इस आयोजन में लगभग 500 संत साध्वियां और 300 से अधिक त्यागी व्रती श्रावक श्राविकाएं शामिल होंगे। 30 अप्रैल अक्षय तृतीया के शुभ दिन प्रातःकाल की शुभ मुहूर्त बेला में चर्या शिरोमणि शताब्दी देशनाचार्य विशुद्ध सागर को पट्टाचार्य पद से सुशोभित किया जाएगा। 2 मई 2025 को श्रमण संस्कृति के समाधिस्थ गणाचार्य विराग सागर महाराज की 61 वीं जन्म जयंती बड़े धूमधाम से मनाई जाएगी। तीर्थ स्वरूप जिनालय सुमति धाम के न्यासी सपना मनीष गोधा ने भारत वर्षीय जैन समाज से आह्मवान किया है कि आप इस महा मांगलिक महा महोत्सव में परिवार सहित पधारे और धर्म लाभ प्राप्त कर अपने जीवन को धन्य करें एवं नमोस्तु शासन जयवन्त हो का गुणगान करें।
