दीक्षार्थियों की हुई नैसर्गिक वातावरण में जैनेश्वरी दीक्षा
कोटा,2 मार्च,
तपोभूमि प्रणेता आचार्यश्री 108 प्रज्ञासागर जी महाराज ससंघ के पावन सानिध्य में धार्मिक एवं शैक्षणिक नगरी कोटा में तीन दिवसीय अतिभव्य नैसर्गिक दीक्षा समारोह रविवार को संपन्न हुआ।जिसमें ब्रह्मचारी श्री देवेन्द्र भैयाजी (सूरत) ब्रह्मचारिणी मीना दीदी (उज्जैन) एवं ब्रह्मचारिणी प्रेमलता दीदी (इन्दौर) को जैनेश्वरी दीक्षा प्रदान की गई।
मुख्य संयोजक यतीश खेड़ावाला ने बताया कि पिछले 10 दिवसों से कोटा के उपनगरों में दीक्षार्थियों की गोद भराई एवम बिंदौरी भव्यता से निकाली गई जिसमें हजारों श्रद्धालुओं ने भाग लिया।इसी क्रम में थेगड़ा रोड़ स्थित मधुबन बाग में पिछले दो दिवसों में दीक्षार्थियों की हल्दी मेहंदी की रस्म और गणधर विलय विधान का आयोजन आचार्य श्री प्रज्ञा सागर महाराज के सानिध्य में स्थानीय समाजबंधुओं द्वारा किया गया जिसमें हजारों महिला एवं पुरुषों ने भाग लिया

।प्रचार सचिव मनोज जैन आदिनाथ ने बताया कि कार्यक्रम मुख्यअतिथि स्पीकर ओम बिरला,विधायक संदीप शर्मा,काँग्रेस शहर अध्यक्ष रविन्द्र त्यागी,भाजपा शहर अध्यक्ष राकेश जैन आदि मुख्य तौर पर उपस्थित रहे।

सकल दिगम्बर जैन समाज के अध्यक्ष विमल नान्ता, महामंत्री विनोद टोरड़ी,प्रकाश बज़,जे के जैन,लोकेश सीसवाली आदि मुख्यरूप से उपस्थित रहे।

सर्वप्रथम दीप प्रज्वलन,पाद प्रक्षालन,शास्त्र भेंट आदि क्रियाएं संपन्न हुई तत्पश्चात आचार्य प्रज्ञा सागर महाराज द्वारा मंत्रोच्चार के साथ दीक्षा संस्कार प्रारम्भ हुए जिसमे दीक्षार्थियों के परिग्रह त्याग कर नए वस्त्र धारण करते हुए छुल्लिकाओं ने सफेद धवल सूती साड़ी एवं छुल्लक महाराज ने एक लंगोटी और एक दुपट्टा धारण किया।
नामकरण संस्कार हुए
महाराज श्री ने क्रिया करते हुए नामकरण संस्कार किया गया।
दीक्षार्थी ब्र.देवेंद्र अब छुल्लक105 श्री दिव्यतीर्थ महाराज के नाम से जाने जाएँगे।ब्र.मीना दीदी और ब्र.प्रेमलता दीदी असीम प्रज्ञा
छुल्लिका श्री अनंत प्रज्ञा श्री असीम प्रज्ञा माता के नाम से जाने जाएँगे।
संकलित जानकारी के साथ अभिषेक जैन लुहाड़िया रामगंजमंडी की रिपोर्ट 9929747312
