पाटन(कोनीजी) में जेष्ठ श्रेष्ठ निर्यापक श्रमण मुनि श्री १०८ समय सागर जी महाराज की भव्य आगवानी
पाटन(कोनीजी)
सोमवार की बेला में पाटन(कोनीजी) में जेष्ठ श्रेष्ठ निर्यापक श्रमण मुनि श्री 108 समय सागर जी महाराज की भव्य आगवानी हुई। मुनि श्री के प्रवचन के बाद पाटन नगर में आहारचर्या भी संपन्न हुई ।
नगर गौरव के गृहस्थ जीवन के परिवार को प्राप्त हुआ नवधाभक्ति पूर्ण आहरदान का सौभाग्य 
नगर गौरव निर्यापक श्रमण श्री 108 अभय सागर जी महाराज के गृहस्थ जीवन के परिवार श्रीमान श्रेयांस कुमार अरिहंत कुमार सांधेलिया को नवधाभक्ति पूर्ण आहरदान का सौभाग्य प्राप्त हुआ। इस अद्भुत अवसर पर, समाज की समृद्धि और उन्नति के लिए निरंतर समर्थन और प्रेरणा का संदेश साझा किया गया।




आचार्य श्री विद्यासागर महाराज का सानिध्य 26 बार कोनीजी को मिला
जानकारी देते हुए आराध्य सांधेलिया पाटन ने बताया किआचार्य भगवन विद्यासागर महाराज का सानिध्य कोनी जी को छब्बीस बार प्राप्त हुआ है साथ ही मेगुरुदेव का सानिध्य होली में दो बार क्षेत्र को प्राप्त हुआ था ।
आराध्य सांधेलिया पाटन से प्राप्त जानकारी के साथ अभिषेक जैन लुहाड़िया रामगंजमण्डी की रिपोर्ट 9929747312
