श्री पार्श्वनाथ दिगंबर जैन अतिशय क्षेत्र कैथूली में आज पूरे हुए 108 सदस्य
पारसनाथ भगवान का चमत्कार एवं श्री सुधा सागर महाराज की प्रेरणा एवम निर्देशन का प्रतिफल परिलक्षित
कैथुली
राजस्थान एवं मध्यप्रदेश दोनों राज्यों की सीमा पर अवस्थित, परमपूज्य आचार्य श्री विद्यासागर जी महाराज जी के पावन आशीर्वाद एवं इनके परम प्रभावक शिष्य परम पूज्य निर्यापक श्रमण मुनिपुंगव108 श्री सुधासागर महाराज जी के पावन निर्देशन एवम प्रेरणा से संचालित श्री पार्श्वनाथ दिगंबर जैन अतिशय क्षेत्र कैथूली पर 2 सितंबर का दिन अविस्मरणीय रहा

। पूज्य मुनि श्री की आज्ञा अनुसार आज क्षेत्र की सदस्यता नामावली में 108 नाम पूर्ण हुए।
जिसमे 2 सितंबर को डाबी के श्री लोकेश जैन धानोप्या व विमल जैन धानोप्या एवं लांबाखोह के श्री राकेश जैन लांबाबांस ने सदस्यता की स्वीकृति दी ।
क्षेत्र की सदस्यता सूची में जहां पहला नाम रेखा बाबरिया का था जिन्होंने अपनी स्वीकृति सबसे पहले मुनीपुंगव सुधासागर जी महाराज के समक्ष ब्यावर चातुर्मास में दी थी । वहीं मुकुट सप्तमी के अवसर पर 100वे नंबर पर देवांश जैन ढाबला वाले और 108 नंबर पर आदिश जैन बाबरिया हैं ।
सदस्यों की नामावली में युवाओं ने अधिकतर अपनी उपस्थिति दर्ज करवाई।

युवा देश के कर्णधार होते हैं इस सूक्ति को अब “युवा धर्म के कर्णधार होते हैं” इस रूप में परिचित करवाता हुआ कैथूली क्षेत्र निरंतर प्रगति की ओर अग्रसर हैं। प्रबंध कार्यकारिणी अतिशय क्षेत्र कैथुली के संरक्षक सिद्धार्थ बाबरिया, अध्यक्ष हुकुमचंद जैन काका, महामंत्री रितेश ठाई, कोषाध्यक्ष सुनील दुगेरिया, उपाध्यक्ष सुनील सुरलाया, प्रचार मंत्री विकास सेठिया ने इसे बाबा का अतिशय बताया



ओर पूज्य गुरुदेव सुधा सागर जी महाराज के आशीर्वाद से ही यह संभव हो पाया है ऐसा बतलाया । नवीन सदस्यों का अतिशय क्षेत्र कैथुली कमेटी की ओर से सिद्धार्थ जैन शास्त्री ने स्वागत किया एवं अतिशयकारी पारसनाथ भगवान की तस्वीर उन्हें भेंट की ।
अभिषेक जैन लुहाड़िया रामगंजमंडी की रिपोर्ट
