युवा ही धर्म ध्वजा ओर संस्कृति को आगे बढ़ाने में सहायक है मुनिश्री सुयश सागर महाराज
झुमरीतिलैया-
मुनि श्री 108 सूयशसागर महाराज ने अपने उद्बोधन में कहा कि युवा ही धर्म ध्वजा और संस्कृति को आगे बढ़ाने में सहायक हो सकते हैं। धर्म और संस्कृति से ही राष्ट्र निर्माण होता है।
आज जैन समाज झुमरीतिलैया के डेढ़ सौ युवाओं ने स्वयं अपने हाथ से चौका लगाकर स्वयं के हाथों से ही शुद्धि पूर्वक आहार बनाकर मुनि श्री को नवधा भक्ति पूर्वक आहार कराया। इसी के साथ प्रतिदिन मंदिर जाने का अहिंसा और शाकाहार का पालन करने का संकल्प सभी युवाओं ने लिया।
शहर में परम पूज्य चर्या शिरोमणि आचार्य श्री 108 विशुद्ध सागर महाराज के परम प्रभावक शिष्य मुनि श्री 108 सुयशसागर ज महाराज का भव्य मंगल चातुर्मास बहुत ही भक्ति भाव के साथ हो रहा है।

आज प्रातः सर्व प्रथम देवाधिदेव1008 चन्द्रप्रभु भगवान का अभिषेक एवम शान्तिधारा सभी युवाओं के द्वारा की गई।इसके पश्चात सभी श्रद्धालु जन स्टेशन रोड श्री बड़े मंदिर जी से धर्म ध्वजा बेंड बाजे के साथ नगर भ्रमण करते हुए पानी टंकी रोड जैन मंदिर पहुंचे।

पानी टंकी रोड मंदिर में युवागण ने विधि पूर्वक मुनि श्री का पड़गाहन किया लगभग डेढ़ सौ श्रद्धालु युवा भक्त पड़गाहन कर रहे थे सभी युवा गण लाइन से अपने गुरुदेव को आहार देकर अपने को धन्य मान रहे थे।और छोटे छोटे नियम लेकर अपने जीवन को संयम की मार्ग पर अग्रसर किया।आहार उपरांत मुनि श्री ने सभी युवाओं को आशीर्वाद दिया।

उन्होंने यहां की समाज की तारीफ करते हुए कहा कि जैन समाज झुमरी तिलैया बहुत ही भाग्यशाली और पुण्यशाली है जहां के युवाओं में धर्म के प्रति श्रद्धा और भक्ति है आहार चर्या के बाद मुनि श्री को बैंड बाजे के साथ जैन भवन लाया गया।

मीडिया प्रभारी नवीन जैन और राजकुमार अजमेरा ने जानकारी देते हुए बताया कि आज के मंत्री ललित सेठी, चातुर्मास संयोजक नरेंद्र झाझंरी ने पूरी जैन युवक समिति टीम को सराहनीय कार्य करने के लिए। बधाई दी और उनकी पुण्य की अनंत अनुमोदना की।
संकलन अभिषेक जैन लुहाडिया रामगंजमंडी
