श्री महावीरजी पंचकल्याणक महोत्सव में भोजन शाला ने स्वच्छ भारत की मिसाल पेश की है
श्री महावीरजी
श्री महावीरजी अतिशय क्षेत्र पर ऐतिहासिक पंचकल्याणक महोत्सव वात्सल्य वारिधि आचार्य वर्धमान सागर महाराज के कुशल सानिध्य में संपन्नता की ओर है यह पंचकल्याणक एक नया आयाम ले प्रस्तुत हुआ है यहां पर बनाई गई दो निशुल्क भोजनशाला वात्सल्य का अनुपम उदाहरण प्रस्तुत कर रही है यहां पर दो निशुल्क भोजनालय चल रहे हैं जिसमें स्वच्छता पर विशेष ध्यान रखा गया है जो स्वच्छ भारत की एक अनुपम मिसाल पेश करती है। भोजन शाला लगे वेटर साफा पहने भोजन परोस रहे हैं। जो राजस्थान की पावन संस्कृति को परिलक्षित करता है। भोजनशाला में रतलाम व कोटा के 500 हलवाई व कैटरर्स अपनी व्यवस्थाओं को संभाले हुए हैं।
इस भोजन व्यवस्था में रतलाम के प्रमुख पंडित मधुकांत जोशी की टीम के दोस्तों से ज्यादा लोग व्यवस्थाओं को संभाले हुए हैं। सुपरवाइजर बालकृष्ण ओझा के अनुसार टेबल कुर्सी पर 300 लोगों के भोजन की व्यवस्था है। गोल्डन पॉलिश की तरह की थाली व कटोरी चम्मच काम में ली जा रही है। कई तरह के लजीज व्यंजन इसमें बनाए जा रहे हैं।
संकलन अभिषेक जैन लुहाड़िया रामगंजमंडी
