105आर्यिका दर्शनप्रभा माताजी की समाधि
अहिक्षेत्र
नमोकारव भक्ति के पाठ के मध्य अंतर्मनां आचार्य श्री प्रसन्न सागर जी महामुनिराज संघ की पूज्य 105आर्यिका दर्शनप्रभा माताजी की समाधि अहिक्षेत्र में हुई। मुनि श्री सहज सागर,निर्यापक मुनि श्री नवपदम सागर, क्षुल्लक अन्वय सागर,क्षुल्लिका वचनप्रभा, व्रतप्रभा, धर्मप्रभा सभी माताजी के पास ही थे।
अंतिम क्रिया 10.30पर सपन्न हुई पूज्य आर्यिका 105दर्शनप्रभा माताजी ने अहिक्षेत्र में चारों प्रकार के आहार का त्याग कर यम सल्लेखना स्वीकार की थी अंतर्मना की आज्ञा व मार्गदर्शन मे प्रवर्तक मुनि श्री सहज सागर जी ने निर्यापक मुनि श्री नव पद्म सागर, क्षुल्लक अन्वय सागर क्षुल्लिका वचनप्रभा, व्रतप्रभा, धर्मप्रभा ने सुबह उत्तमार्था प्रतिक्रमण कराया सभी से क्षमा याचना कर चारों प्रकार का आहार का त्याग कराया।माताजी ने अंतिम आहार 13अप्रैल को किया था व 18ता को उनकी आर्यिका दीक्षा,प्रवर्तक मुनि श्री सहज सागर जी नेअहिक्षेत्र में दी थी।तीन बार छाछ लेकर फिर जल व फिर एक दिन बाद जल लिया व और अंत में सब त्याग कर दिया।

परिचय
धूलियांन की सेठी परिवार की, कैलास सू रेद्र सजय अज्जू सूदेश भैया की माताजी और हर्षा सरीता मंजु ममता की पुर्वी श्रम की सांस ने वर्ष 2021में निमियाघाट में अंतर्मना से क्षुल्लिका दीक्षा ली थी।मुक्तेश्वर में महावीर जयंती,आचार्य श्री की दीक्षा जयंती कार्यक्रम में शामिल होने के बाद 12ता को उनका स्वास्थ्य अचानक गिरने लगा था।अहिक्षेत्र में,भारी संख्या में उपस्थित भक्तजनों ने माताजी के दर्शन कर प्रभु से प्रार्थना की कि उनकी समाधि अच्छी तरह संपन्न हो गई।


मुनि श्री सहज सागर जी के साथ पूरा संघ माताजी की समाधि व संबोधन में संलग्न था । अजय कैलास सूरेद्र सूदेश संजय परिवारजन भी सेवा में लगे थे
नरेंद्र अजमेरा पियुष कासलीवाल से प्राप्त जानकारी
संकलन अभिषेक जैन लुहाड़िया रामगंजमंडी 9929747312
