आचार्य श्री वर्धमान सागर जी के दर्शन करने राजस्थान के प्रसिद्ध भामाशाह अशोक जी पाटनी आरके मार्बल ग्रुप किशनगढ़ परिवार सहित धरियावद पधारे
प्रथमाचार्य श्री शांति सागर जी महाराज की परंपरा के पंचम पट्टाधीश वात्सल्य वारिधी आचार्य श्री वर्धमान सागर जी, मुनि श्री पुण्यसागर जी संघ सहित 52 साधु धरियावद में विराजित हैं। चमत्कारी 1008 श्री चंद्र प्रभु एवं आचार्य श्री शांति सागर जी आचार्य श्री कुंथु सागर जी की पवित्र चरण रज से पवित्र नगरी वास्तव में धर्म नगरी हैं क्योंकि अनेक आचार्य संघ का सहज आगमन होता हैं । राष्ट्र गौरव आचार्य श्री वर्धमान सागर जी ओर मुनि श्री पुण्य सागर जी के दर्शन करने के लिए राजस्थान किशनगढ़ के विश्वप्रसिद्ध भामाशाह आदरणीय अशोक पाटनी, व्रतप्रतिमाधारी श्रीमती सुशीला पाटनी,परिवार सहित दिनांक 18 मार्च को धरियावद पधारे।
राजेश पंचोलिया अनुसार इसके पूर्व नगर के हैलीपेड पर दिगम्बर जैन समाज के सेठ,एवं अंतराष्ट्रीय ख्याति प्राप्त पंडित हंसमुख शास्त्री,ब्रह्मचारी गज्जू भैया,ब्रह्मचारिणी वीणा दीदी सहित अनेक गणमान्य धार्मिक सामाजिक, प्रशासनिक प्रतिनिधियों ने नगर की गौरव शाली परंपरा अनुरूप हैलीपेड पर बैंड बाजे,पुष्पहार गुलदस्ते से अतिथियों का भावभीना स्वागत अभिनंदन किया। अशोक जी पाटनी किशनगढ़ ने आचार्य श्री के दर्शन कर चरण वंदना की।आचार्य श्री से अनेक धार्मिक सामाजिक पहलू पर आपने मार्गदर्शन प्राप्त किया।अशोक जी पाटनी ने आचार्य श्री को बताया कि मुनि श्री प्रशम सागर जी के बारे में बताया कि वह हमेशा हमें स्वाध्याय की प्रेरणा देते थे। पिछली बार गामड़ी में दर्शन किए आचार्य श्री संघ के दर्शन पश्चात मुनि श्री पुण्य सागर जी एवं समाधि साधना कर रहे मुनि श्री पूर्ण सागर जी के दर्शन किए। धार्मिक मंडल द्वारा आदरणीय अशोक जी श्रीमती सुशीला एवं श्रीमती शांता पाटनी किशनगढ़ का भावभीना अभिनंदन किया।पंडित श्री हंसमुख जी के निवेदन पर आचार्य श्री एवं संघ के दर्शन कर अशोक जी पाटनी ,श्रीमती सुशीला पाटनी , श्रीमती शांता पाटनी सपरिवार नंदन वन एवं हिमवन भी गए। दोनों क्षेत्रों के दर्शन कर प्रसन्नता प्रगट की।
राजेश पंचोलिया इंदौर से प्राप्त जानकारी संकलन अभिषेक जैन लुहाड़िया 9929747312

