जो भगवान की वेदी पर चांदी लगाता है उसका जीवन चांदी चांदी हो जाता है यह तो खेत है जैसा बोऔगे वैसा काटोगे। सुधा सागर महाराज
दमोह
जो भगवान की वेदी पर चांदी लगाता है उसका जीवन चांदी चांदी हो जाता है,यह तो खेत है जैसा बोऔगे वैसा काटोगे। महान आत्माओं का जब वैभव बड़े तो यह मानना चाहिए कि हमारे पुण्य को बढ़ाने के लिए यह हमें मौका प्राप्त हो रहा है पुण्य कार्य के मौका को कभी चूकना नहीं चाहिए।
भक्त के पुण्य से यह सब अवसर प्राप्त होते हैं भक्त के पुण्य से गुरु प्रवचन देते हैं पापियों को पवित्र करने के लिए प्रभु और गुरु पद प्रक्षालन कराते हैं।

उपरोक्त विचार निर्यापक मुनि श्री सुधा सागर जी महाराज दिगंबर जैन धर्मशाला में अपने प्रातः कालीन प्रवचनों में अभिव्यक्त किये





इस मौके पर मुनि संघ के पद प्रक्षालन का सौभाग्य सागर के भीष्म जैन इंजीनियर को प्राप्त हुआ मुनि संघ को शास्त्र भेंट करने का सौभाग्य डॉ पीके जैन के परिवार को प्राप्त हुआ निर्यापक मुनि श्री को आहार देने का सौभाग्य नीलम जिनेंद्र अमित जैन हटा वाले परिवार को प्राप्त हुआ इस मौके पर विभिन्न पाठशालाओं के शिक्षक शिक्षिकाओं को शिविर आयोजन समिति के द्वारा सम्मानित किया गया।
सुनील जैन वेजीटेरियन से प्राप्त जानकारी के साथ अभिषेक जैन लुहाड़िया रामगंजमंडी की रिर्पोट 9929747312

