श्रावक को श्रद्धावान, क्रियावान, विवेकवान होना चाहिए… आचार्य श्री वर्धमान सागर महाराज
श्रावक को श्रद्धावान, क्रियावान, विवेकवान होना चाहिए… आचार्य श्री वर्धमान सागर महाराज टोंक जो श्रद्धावन ज्ञानवान क्रियावान होता है वह श्रावक होता है श्रावक में पहला अक्षर होता है श्र श्रद्धावान है दूसरा शब्द है व जो ज्ञान का आचरण करता है और तीसरा शब्द है क जो क्रियावान हो अर्थात जो श्रद्धावान ज्ञानवान क्रियावान […]
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