लोभ लालच और लिप्सा से निर्वृति का नाम ही शौच धर्म है। प्रमाण सागर महाराज
लोभ लालच और लिप्सा से निर्वृति का नाम ही शौच धर्म है। प्रमाण सागर महाराज भोपाल प्रसिद्ध लेखक टालस्टाय ने लिखा “लगन” की तरंग मार ले,बस हो गया भजन,आदत बुरी सुधार ले बस हो गया भजन” उपरोक्त पक्तियां सुनाते हुये मुनि श्री प्रमाणसागर महाराज ने पर्वराज पर्युषण के चतुर्थ दिवस “उत्तम शौच” धर्म पर अपने विचार […]
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