तीर्थंकर बनने तीन गुण आवश्यक निरोग सागर महाराज

तीर्थंकर बनने तीन गुण आवश्यक निरोग सागर महाराज  गुना  परम पूज्य मुनि श्री 108 निरोग सागर महाराज ने मंगल प्रवचन देते हुए भक्तों को संसार भावना का गूढ़ संदेश देते हुए कहा कि इस अनश्वर संसार में सभी प्राणी अनंत बार जन्म और मरण के चक्र से गुजर चुके हैं। 4 लाख 84000 योनियों में […]

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