संत का मन “बच्चे के समान निश्चल होता है,उसके मन में छल कपट, तिकड़म या कुटिलता जैसी कोई बात नहीं होती प्रमाण सागर महाराज

संत का मन “बच्चे के समान निश्चल होता है,उसके मन में छल कपट, तिकड़म या कुटिलता जैसी कोई बात नहीं होती प्रमाण सागर महाराज इंदौर परम पूज्य मुनि श्री 108 प्रमाण सागर महाराज ने मंगलवार की बेला में उत्तम आर्जव धर्म पर प्रवचन देते हुए कहा किमोक्षमार्ग सहजता और सरलता का मार्ग है संत का […]

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