जिसके जीवन में ईर्ष्या की आग जलती है,उसका जीवन छोटा ही नहीं,खोटा भी होता है”- मुनि श्री प्रमाणसागर
“जिसके जीवन में ईर्ष्या की आग जलती है,उसका जीवन छोटा ही नहीं,खोटा भी होता है”- मुनि श्री प्रमाणसागर भोपाल “स्वच्छता बाहर की नहीं, भीतर से भी होंना चाहिये” उपरोक्त विषय पर उदगार मुनि श्री प्रमाण सागर महाराज ने अवधपुरी भोपाल में व्यक्त किये मुनि श्री ने कहा मनुष्य की चार दुर्बलताएं है क्रोध,ईर्ष्या, लोभ,अहंकार इस […]
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